इटली में दो भारतीय पुलिस की गिरफ्त में, 33 लोगों को बंधक बनाकर खेतों पर करा रहे थे काम

रोम.

इटली में खेतों में काम करने वाले मजदूरों को गुलाम बनाए जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। अब इस मामले में यहां का प्रशासन सख्त होता जा रहा है। वेरोना प्रांत में अपने ही देश के 33 लोगों को बंधक बनाकर खेतों में काम कराने के आरोप में दो भारतीय नागरिकों को गिरफ्तार किया गया है। बता दें, यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है, जब हाल ही में भारतीय मजदूर सतनाम सिंह का मशीन से हाथ कट गया था।

उसे अस्पताल में भर्ती करवाने के बजाए उसके मालिक के आदेश पर उसे उसके घर के बाहर सड़क पर फेंक दिया गया था। लगातार खून बहने की वजह से उसकी मौत हो गई थी। बताया जा रहा है कि गिरफ्तार आरोपी कृषि क्षेत्र की दो कंपनियों के मालिक हैं। इस कंपनी में कोई कर्मचारी नहीं हैं और कथित तौर पर कर चोरी करने वाले हैं। उनके पास से फाइनेंस पुलिस ने 475,000 यूरो यानी 43 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त की है। इतालवी समाचार एजेंसी के अनुसार, गिरोह के दो कथित मास्टरों को शनिवार को गिरफ्तार किया गया। दासता और श्रम शोषण सहित अपराधों के लिए जांच की जा रही है।

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भारत ने की थी बातचीत
31 वर्षीय सिंह की मौत के बाद इटली में मजदूरों से कराई जा रही गुलामी का मुद्दा मीडिया के ध्यान में आया। भारतीय अधिकारी मुक्तेश परदेशी ने इटली की अधिकारी लुइगी मारिया से 26 जून को सतनाम सिंह की मौत पर बातचीत की थी। उन्होंने भारतीय मजदूर की मौत पर भारत की गहरी चिंता से उन्हें अवगत कराया था। वहीं, इटली की प्रधानमंत्री जॉयोर्जिया मेलोनी ने भी सतनाम सिंह की मौत पर गहरी चिंता जताई थी।

सतनाम सिंह की कैसे हुई मौत?
गौरतलब है, इटली के रोम के पास लाजियो में सब्जी के खेत में काम करते समय मजदूरी करने वाले 31 साल के भारतीय अस्थाई कर्मचारी का हाथ भारी मशीनरी की चपेट में आ गया और उनका हाथ कट गया था। सिंह को अस्पताल में भर्ती करवाने के बजाए उसके मालिक के आदेश पर उसे उसके घर के बाहर सड़क पर फेंक दिया गया था। लगातार खून बहने की वजह से उसकी हालत अधमरी हो गई थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, खेत के मालिक ने सतनाम सिंह के कटे हुए हाथ को फलों के डिब्ब पर रख दिया था और करीब डेढ़ घंटे तक उन्हें मेडिकल सुविधा मुहैया नहीं करवाई गई। बाद में उन्हें रोम के अस्पताल में भर्ती करवाया गया, लेकिन बुधवार को उनकी मृत्यु हो गई। इस घटना ने इटली में सनसनी फैला दी है। खेत के मालिक एंटोनेलो लोवेटो पर अब आपराधिक लापरवाही और हत्या का आरोप लगाया गया।

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मजदूरों का होता है शोषण
इटली की खेतों में मजदूरों का शोषण इटली में, खासकर दक्षिणी देशों की खेतों में प्रवासी मजदूरों का खतरनाक शोषण किया जाता है और उनका सामूहिक शोषण अकसर हिंसक घटनाओं में बदल जाती है। ये एक पुरानी समस्या है, जिसका अभी तक इलाज नहीं किया गया है। लैटिना में हजारों अप्रवासी मजदूर रहते हैं, जिनमें से कई सिख हैं, जो स्थानीय 'कृषि-माफिया' के लिए फल और सब्जियों के खेतों में काम करते हैं।