देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक ने ग्राहकों को बड़ा दिया झटका, महंगी हो गई लोन की EMI

नई दिल्ली
देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने ग्राहकों को बड़ा झटका दिया है। एसबीआई ने अपनी अलग-अलग अवधि के लिए मार्जिनल कॉस्ट ऑफ लेंडिंग रेट्स यानी (एमसीएलआर) में 10 बेसिस प्वाइंट्स की बढ़ोतरी का ऐलान किया है। नई दरें आज गुरुवार 15 अगस्त, 2024 से लागू हो चुकी हैं। बता दें कि एसबीआई द्वारा एमसीएलआर में बढ़ोतरी का यह लगातार तीसरा महीना है।

ये हैं नई दरें
ओवरनाइट: 8.10% से बढ़कर 8.20%

एक महीना: 8.35% से बढ़कर 8.45% हो गया

तीन महीने: 8.40% से बढ़कर 8.50%

छह महीने: 8.75% से बढ़कर 8.85%

एक साल: 8.85% से बढ़कर 8.95%

दो साल: 8.95% से बढ़कर 9.05%

तीन साल: 9.00% से बढ़कर 9.10%

पावर शेयर पर टूट पड़े निवेशक, खरीदने की मची लूट, ₹148 पर पहुंचा भाव, LIC के पास

₹142 पर पहुंचा यह पावर शेयर, अब 13 अगस्त अहम दिन, LIC के पास भी हैं 8 करोड़ शेयर
लगातार तीसरे महीने बढ़ोतरी

See also  ऑपरेशन सिंदूर’ का असर: भारत के खौफ से PAK ने लश्कर का ट्रेनिंग सेंटर अफगान बॉर्डर पर शिफ्ट किया

पीएसयू बैंक ने जून 2024 से कुछ अवधियों में एमसीएलआर को 30 आधार अंक (बीपीएस) तक बढ़ाया है। एमसीएलआर वह न्यूनतम ब्याज दर है जिसके नीचे कोई बैंक भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा अनुमत कुछ मामलों को छोड़कर, उधार नहीं दे सकता है। एमसीएलआर रेट में बढ़ोतरी का मतलब है कि ग्राहकों के लिए होम लोन, कार लोन, एजुकेशन लोन जैसे कर्ज का महंगा होना। बता दें कि आरबीआई द्वारा अप्रैल 2016 में उधार दरों के लिए बेंचमार्क के रूप में पिछली आधार दर प्रणाली की जगह एमसीएलआर की शुरुआत की गई थी।