हाल ही में दुनिया के पहले इलेक्ट्रिक विमान ने उड़ान भरी, 30 मिनट में 130 किलोमीटर की दूरी तय

न्यूयॉर्क

हवाई सफर की इच्छा रखने वाले लोगों मध्यमवर्गीय लोगों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। जल्द ही हवाईजहाज में सफर करना बेहद सस्ता हो सकता है। दरअसल अमेरिका में हाल ही में दुनिया के पहले पैसेंजर इलेक्ट्रिक विमान की सफल टेस्टिंग की गई है। फॉक्स न्यूज की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस विमान का संचालन बीटा टेक्नोलॉजीज नाम की कंपनी कर रही है। इस फ्लाइट ने बीते दिनों की ईस्ट हैम्पटन से न्यूयॉर्क के जॉन एफ. कैनेडी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे तक उड़ान भरी।

टेस्टिंग के दौरान इस इलेक्ट्रिक फ्लाइट ने महज 30 मिनट में लगभग 70 समुद्री मील यानी 130 किमी की दूरी तय की है। बीटा टेक्नोलॉजीज के संस्थापक और CEO काइल क्लार्क टेस्टिंग का संचालन कर रहे थे। उन्होंने बताया है कि यह जहाज 100 फीसदी इलेक्ट्रिक है। उन्होंने कहा, "यह 100 फीसदी इलेक्ट्रिक हवाई जहाज है। इसने यात्रियों के साथ ईस्ट हैम्पटन से जेएफके तक उड़ान भरी थी। हमने 35 मिनट में 70 समुद्री मील की दूरी तय की।"
कितना आता है खर्च?

See also  अब तक 70 से ब्रेकअप! US ने WHO से औपचारिक रूप से अलग होने की प्रक्रिया पूरी, ट्रंप का बड़ा कदम

उन्होंने यह भी बताया कि फ्लाइट बेहद सस्ती थी। जानकारी के मुताबिक पूरे विमान को चार्ज करने और सफर पूरा करने में महज 8 डॉलर यानी लगभग 700 रुपए का ही खर्च आया। यह कीमत हेलीकॉप्टर में सफर करने से भी कहीं ज्यादा सस्ता है। एक साधारण हेलीकॉप्टर के जरिए इतनी दूरी के लिए ईंधन पर लगभग 160 डॉलर तक खर्च होते हैं। एक बार चार्ज करने पर विमान 250 समुद्री मील तक की यात्रा कर सकता है।

कम लागत में तय की लंबी दूरी

विमानन इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है कि कम लागत में किसी इलेक्ट्रिक विमान ने इतनी लंबी दूरी तय की हो। फॉक्स न्यूज की एक रिपोर्ट के अनुसार, 'इस महीने की शुरुआत में विमान ने ईस्ट हैम्पटन से अमेरिका के जॉन एफ कैनेडी एयरपोर्ट तक उड़ान भरी थी, जिसमें चार यात्री सवार थे और इसने मात्र 30 मिनट में लगभग 70 समुद्री मील (130 किलोमीटर) की दूरी तय की।' 

See also  फ्रांस के आसमान में गरुड़ का दबदबा: भारतीय वायुसेना ने दिखाया दमखम

हैरानी की बात तो ये है कि इस उड़ान की लागत मात्र 694 रुपये (8 डॉलर) थी, जबकि इसी यात्रा को अगर हेलिकॉप्टर से पूरा किया जाता तो केवल ईंधन की अनुमानित लागत 13,885 रुपए ($160) होती। 
एक खासियत ये भी

इसके अलावा इस इलेक्ट्रिक विमान की एक खासियत ये भी रही कि शोर करने वाले इंजन और प्रोपेलर की कमी के कारण यात्री पूरे समय स्पष्ट रूप से बातचीत करने में सक्षम थे। इसको लेकर बीटा टेक्नोलॉजीज के संस्थापक और सीईओ काइल क्लार्क ने कहा, 'यह 100% इलेक्ट्रिक विमान है, जो यात्रियों के साथ ईस्ट हैम्पटन से जेएफके तक उड़ा, जो न्यूयॉर्क पोर्ट अथॉरिटी और न्यूयॉर्क क्षेत्र के लिए पहली बार था। हमने 35 मिनट में 70 समुद्री मील की दूरी तय की।'

उन्होंने कहा, 'इस उपकरण को चार्ज करने और उड़ान भरने में हमें ईंधन पर लगभग 8 डॉलर का खर्च आता है। बेशक, आपको पायलट और हवाई जहाज के लिए भुगतान करना पड़ता है, लेकिन मूल रूप से, यह बहुत कम खर्चीला है।'

See also  कनाडा में बड़े पैमाने पर डिपोर्टेशन की तैयारी, खालिस्तानी समर्थकों पर भी मंडराया खतरा

कंपनी के अनुसार, CX300 द्वारा जो सुविधाएं दी गई हैं, उससे इलेक्ट्रिक विमान से हवाई यात्रा को यात्रियों के बीच लोकप्रिय होने में बहुत समय नहीं लगेगा। इस विमान की हर तरफ चर्चा हो रही है। आने वाले समय में इसकी वजह से आम आदमी के लिए हवाई यात्रा करना कम खर्चीला हो सकता है।

क्लार्क ने बताया कि इलेक्ट्रिक विमान शहरों या कस्बों के बीच छोटी यात्राओं के लिए स्वच्छ, शांत और सस्ता तरीका हो सकता है। कम लागत और शांति की वजह से यह यात्रियों के बीच लोकप्रिय भी बन सकता है। कंपनी को उम्मीद है कि साल के अंत तक उसे यूएस फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) से प्रमाणन मिल जाएगा।