रीमा मल्होत्रा का दावा – विश्व कप में उतरी भारत की सबसे मजबूत महिला टीम

नई दिल्ली 
पूर्व ऑलराउंडर रीमा मल्होत्रा ने भारतीय महिला टीम में अनुभव और युवा खिलाड़ियों के मिश्रण को शानदार करार देते हुए कहा कि यह वर्ल्ड कप में अब तक की सबसे मजबूत और घरेलू परिस्थितियों में चैंपियन बनने की दावेदार टीम है। भारत और श्रीलंका की मेजबानी में आईसीसी महिला वनडे वर्ल्ड कप 2025 का आयोजन 30 सितंबर से दो नवंबर तक होगा। हरमनप्रीत कौर की अगुवाई में भारतीय टीम अपने अभियान का आगाज शुरुआती दिन गुवाहाटी में श्रीलंका के खिलाफ करेगी।

भारत की 15 सदस्यीय टीम में युवा और अनुभवी खिलाड़ियों के शानदार मिश्रण का जिक्र करते हुए रीमा ने ‘भाषा’ को दिए साक्षात्कार में कहा, ‘‘ यह किसी भी महिला विश्व कप को देखे तो भारत की सबसे मजबूत टीम है। इसमें हरमनप्रीत (कौर), स्मृति मंधाना, जैमी (जेमिमा रोड्रिग्स), दीप्ति (शर्मा) जैसी अनुभवी खिलाड़ी है तो वहीं अमनजोत कौर, क्रांति गौड़, श्री चरणी और ऋचा घोष जैसे दमखम वाले युवा भी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘टीम में जोश और होश का अच्छा मिश्रण है। मुझे नहीं लगता कि आपको विश्व कप के लिए इससे अच्छी टीम मिलेगी।’’ आक्रामक बल्लेबाज शेफाली वर्मा टीम में जगह बनाने में नाकाम रही लेकिन रीमा ने उनकी जगह प्रतिका रावल के चयन को सही करार देते हुए कहा कि दिल्ली की इस बल्लेबाज के प्रदर्शन में निरंतरता रही है। प्रतिका ने भारत के लिए 14 एकदिवसीय में 54.07 के औसत से 754 रन (एक शतक और पांच अर्धशतक) रन बनाये हैं। शेफाली के नाम 29 एकदिवसीय में लगभग 23 के औसत से 644 रन (चार अर्धशतक) है। इस दौरान शेफाली का स्ट्राइक रेट 83.20 का रहा है तो वहीं प्रतिका ने इस मामले में भी बेहतर करते हुए 87.43 के स्ट्राइक रेट से रन बनाए हैं।

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भारत के लिए 41 एकदिवसीय और 22 टी20 अंतरराष्ट्रीय खेलने वाली रीमा ने कहा, ‘‘शेफाली बड़ा नाम है। वह ऐसा एक्स फैक्टर (अपने दम पर मैच पासा पलटने वाला खिलाड़ी) है जिसे आप अपनी टीम में चाहते हैं। जब एक्स फैक्टर का सामना प्रदर्शन में निरंतरता से होता है तो मुझे लगता है कि कप्तान और चयनकर्ताओं ने नियमित अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी को तरजीह दी है और यह सही भी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘प्रतिका ने मौकों को भुनाकर टीम में अपनी जगह बनाई है। उन्होंने पिछली कुछ श्रृंखलाओं में खुद को साबित किया है। उन्होंने दिखाया है कि उनके पास वनडे में भारत के प्रतिनिधित्व के लिए जरूरी तकनीक और मानसिकता है।’’ रीमा ने कहा कि भारत की बल्लेबाजी हमेशा मजबूत रही है लेकिन मौजूदा टीम में अब तेजी से रन बनाने वाले बल्लेबाज के साथ गेंदबाजी भी में काफी विविधता है। उन्होंने कहा , ‘‘ इस टीम में तेज गेंदबाजी में रेणुका सिंह ठाकुर, अमनजोत और अरुंधति रेड्डी का विकल्प है तो वहीं स्पिन में दीप्ति और राधा यादव के साथ स्नेह राणा भी है। स्नेह राणा सफेद गेंद के मैचों के लिए काफी परिपक्व हो चुकी है और उन्हें पता है कि वनडे में कैसी गेंदबाजी करनी है। भारतीय परिस्थितियों में यह तिकड़ी काफी कारगर साबित होगी।’’

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भारत दो बार फाइनल में पहुंचने के बावजूद महिला क्रिकेट विश्व कप अभी तक नहीं जीत पाया है। 2017 के फाइनल में भारत को इंग्लैंड के खिलाफ नौ रनों से हार का सामना करना पड़ा था, जबकि 2005 के फाइनल में उसे ऑस्ट्रेलिया ने 98 रनों से हराया था। आईसीसी टूर्नामेंटों में भारत के निराशाजनक प्रदर्शन के बारे में पूछे जाने पर रीमा ने कहा, ‘‘ हम कुछ मौकों पर खिताब के करीब पहुंचे लेकिन चैंपियन बनने से दूर रह गए। लेकिन यह अलग टीम है। जब आप अच्छा करके बड़े टूर्नामेंट में जाते है तो आपका आत्मविश्वास काफी बढ़ा होता है। आईसीसी टूर्नामेंट जीतने के लिए आपको मजबूत आत्मविश्वास चाहये। इस टीम के पास विश्व कप जीतने का आत्मविश्वास है।’’ भारतीय टीम ने हाल ही में श्रीलंका दौरे और इंग्लैंड दौरे पर वनडे में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा, ‘‘भारत की टीम यह टीम कागजों पर इस टूर्नामेंट की सबसे मजबूत टीम दिख रही है। टीम ने हाल में काफी अच्छा प्रदर्शन किया है। ऑस्ट्रेलिया के अलावा न्यूजीलैंड और इंग्लैंड की टीमें भी काफी मजबूत है लेकिन आईसीसी टूर्नामेंटों में खुद पर भरोसा रखना और दबाव को हावी नहीं होने देना जरूरी है।’’

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दिल्ली प्रीमियर लीग में कमेंट्री कर रही रीमा ने कहा कि विश्व कप में भारत का प्रदर्शन काफी हद तक कप्तान हरमनप्रीत के प्रदर्शन पर निर्भर करेगा। उन्होंने कहा, ‘‘भारत के लिए हरमनप्रीत कौर का प्रदर्शन काफी अहम होगा। वह ऐसी मैच विजेता है जो दबाव में और बेहतर प्रदर्शन करती है। भारत को अगर विश्व कप जीतना है तो कप्तान को कुछ बड़ी पारियां खेलनी होगी।’’ उन्होंने कहा कि टीम प्रबंधन पिछले कुछ समय से जेमिमा रोड्रिग्स से पांचवें क्रम पर बल्लेबाजी करा रहा है और इससे बल्लेबाजी में गहराई आई है। उन्होंने कहा, ‘‘मुझे पहले भी लगता था कि जेमिमा को तीसरे नंबर पर खेलना चाहिए। उनके पास तेजी से रन बनाने के साथ बड़ी पारी खेलने की क्षमता है। टीम ने हालांकि एक माहौल बनाया है जहां आपको अपनी सुविधा से बाहर निकल कर प्रदर्शन करना होगा और जेमी ने पांचवें नंबर पर भी अच्छा किया है।