प्रोटीन की कमी दूर करने के लिए डाइट में शामिल करें ये 6 देसी ड्रिंक्स सत्तू से लेकर सोया दूध तक के फायदे

जब भी शरीर में प्रोटीन की कमी पूरी करने की बात आती है, तो सभी के दिमाग की सुई फौरन दाल, अंडे या पनीर पर जाकर रुक जाती है. लेकिन क्या आपको पता है कि ट्रेडिशनल भारतीय खान-पान में कुछ ऐसी ड्रिंक्स भी हैं, जो बिना आपकी डेली प्रोटीन की जरूरत को पूरा कर सकती हैं? जी हां, कुछ ड्रिंक्स आपके प्रोटीन की जरूरत को आसानी से पूरा कर सकती हैं. आप इन्हें 'छुपे रुस्तम' भी कह सकते हैं.

प्रोटीन का मतलब सिर्फ भारी-भरकम खाना या महंगे सप्लीमेंट्स नहीं है. आपके घर की रसोई में दालों, दूध, नट्स और बीजों से बने ऐसी कई देसी ड्रिंक्स मौजूद हैं, जो सेहत और प्रोटीन का खजाना हैं. चलिए जानते हैं कौन सी हैं वो ड्रिंक्स.

1. सत्तू का शरबत
इस लिस्ट में सबसे पहला नाम सत्तू शरबत का है. सत्तू को बिहार और यूपी का पावर हाउस कहा जाता है. भुने हुए चने से बना ये शरबत न केवल गर्मियों में शरीर को ठंडक देता है, बल्कि इसमें भरपूर मात्रा में प्रोटीन और फाइबर होता है. इसे आप नमकीन या मीठा, किसी भी तरह से बना सकते हैं.

See also  भाई दूज 2025: जानिए टीका करने का शुभ मुहूर्त और सही समय

2. छाछ या मट्ठा
दही से बनी छाछ भारत के हर घर की पसंद है. इसे पचाना बहुत आसान है और इसमें प्रोबायोटिक्स के साथ-साथ अच्छी क्वालिटी का प्रोटीन भी होता है. अगर आप इसमें हल्का सा भुना जीरा और पुदीना डालकर पिएं तो ये बहुत बढ़िया कूलेंट का काम भी करता है.

3. जलजीरा
जब भी जलजीरा का नाम आता है, तो लोगों के दिमाग में उसका चटपटा स्वाद आता है. ये अपने इसी स्वाद के लिए मशहूर है, लेकिन जब इसे काले चने के पानी या सत्तू के साथ मिलाकर बनाया जाता है, तो ये प्रोटीन का एक अच्छा सोर्स बन जाता है. येे पेट को ठंडा रखने और मेटाबॉलिज्म बढ़ाने में कमाल का काम करता है.

4. बादाम दूध
इस लिस्ट में बादाम का दूध भी शामिल है. रात भर भीगे हुए बादामों को पीसकर दूध में मिलाकर पीने से शरीर को ताकत और प्रोटीन मिलता है. अगर आप वीगन हैं, तो इसे नॉर्मल पानी के साथ भी बना सकते हैं. इसमें मौजूद विटामिन-ई आपकी स्किन के लिए भी बढ़िया है.

See also  एसिडिटी में जरूर अपनाएं ये घरेलू नुस्खे

5. लस्सी
शायद ही कोई ऐसा हो, जिसे गाढ़ी मलाईदार लस्सी पीना पसंद न हो. दही से भरपूर होने के कारण लस्सी प्रोटीन का एक शानदार जरिया है. हालांकि, आपको ध्यान रखना होगा कि चीनी की मात्रा कम हो, ताकि सेहत और स्वाद का बैलेंस बना रहे. आप इसमें फल जैसे आम या केला डालकर इसकी न्यूट्रिशनल वैल्यू और बढ़ा सकते हैं.

6. सोया दूध (सोया मिल्क)
इस लिस्ट में आखिरी नाम सोया दूध का है. सोयाबीन प्रोटीन का सबसे बढ़िया वेजिटेरियल सोर्स है. ये उन लोगों के लिए बेस्ट है जिन्हें डेयरी प्रोडक्ट्स से एलर्जी है. इसे आप घर पर भी आसानी से सोयाबीन भिगोकर बना सकते हैं.