CG : 8 एकड़ खेती की जमीन नहर में खोने के बाद किसान ने खाया ज़हर, मौके पर मची अफरा-तफरी, परिजनों ने तहसीलदार और पुलिस पर लगाया आरोप

रायगढ़ जिला में केलो परियोजना के तहत खेत के बीच से नहर बनाने से नाराज एक किसान ने जहर खाकर आत्महत्या की कोशिश की है। किसान की हालत गंभीर बताई जा रही है। उसे तत्काल मेडिकल कॉलेज अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां उसका उपचार जारी है। पूरा मामला रायगढ़ जिले के पुसौर विकासखंड के ग्राम लिंजीर का है।

 

जानकारी के अनुसार, ग्राम लिंजीर निवासी रविशंकर गुप्ता अपनी कृषि भूमि के बीच से प्रस्तावित नहर निर्माण का विरोध कर रहे थे। गुरुवार को प्रशासनिक अमला और पुलिस बल नहर निर्माण कार्य के लिए मौके पर पहुंचा था। महिला तहसीलदार की मौजूदगी में निर्माण कार्य की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही थी, जिसका किसान ने विरोध किया।

 

परिजनों के मुताबिक, रविशंकर गुप्ता का कहना था कि नहर को उनकी खेती योग्य जमीन के बजाय पास स्थित शासकीय भूमि से निकाला जाए। उनका आरोप है कि केलो परियोजना के लिए पहले ही उनकी 7 से 8 एकड़ जमीन अधिग्रहित की जा चुकी है, जिसके कारण वे और जमीन देने को तैयार नहीं थे। इसी बीच प्रशासनिक कार्रवाई नहीं रुकने से आक्रोशित किसान ने जहर खा लिया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। गंभीर अवस्था में किसान को मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां आईसीयू में उसका इलाज चल रहा है।

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किसान के परिजनों ने तहसीलदार और पुलिस पर दबाव बनाकर जमीन खाली कराने का आरोप लगाया है। वहीं प्रशासन की ओर से मामले में आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि किसानों की सहमति और समस्याओं का समाधान किए बिना इस तरह की कार्रवाई से विवाद बढ़ सकता है। फिलहाल पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटा है।