नाबालिक सौतेली बहन से लंबे समय से दुष्कर्म, शिकायत करने पर पिता ने घर से निकाला, भाई को उम्रकैद

JJohar36garh News|जयपुर (Jaipur) में पॉक्सो मामलों की स्पेशल कोर्ट (Special Court for POCSO Cases) ने लंबे समय से अपनी बहन से दुष्कर्म (Rape Case) करने के मामले में सौतेली भाई को उम्रकैद और तीन लाख रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है. बता दें कि सौतेला भाई अपनी 16 साल की बहन का लंबे समय से बालात्कार कर रहा था. कोर्ट ने सजा सुनाते हुए कहा कि अभियुक्त को बाकी जीवन भी जेल में ही रखा जाए. पॉक्सो कोर्ट के जज संदीप कुमार शर्मा ने यह आदेश बुधवार को दिया. कोर्ट ने कहा कि आरोपी ने सौतेले भाई होते हुए अपनी कम उम्र की नाबालिग बहन के साथ एक से ज्यादा बार दुष्कर्म किया है. वो तब जब पीड़िता के मां नहीं है.

वही पीड़िता ने जब इस बारे में अपनी पिता को बताया तो उसके पिता ने उल्टा उसे ही मारापीटा और घर से बहार निकाल दिया. इतना ही नहीं उसे मानसिक तौर पर पागल घोषित करने की भी पूरी कोशिश की गई. इस दौरान पीड़िता के चाचा ने उसे अपनी घर रखा. क्योंकि उसके पिता ने तो उसे घर से बाहर निकाल दिया था. पीड़िता ने चाचा के घर रहकर हैल्पलाइन की मदद ली.

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जज संदीप कुमार शर्मा ने मामले में सुनवाई के दौरान कहा कि इस मामले में आरोपी को दोषी करार देने के लिए पीड़िता की मौखिक गवाही और मेडिकल रिपोर्ट पर्याप्त सबूत हैं. आरोपी का कृत्य बहुत ही गंभीर और घृणित है और उसके लिए कोई नरमी नहीं बरती जा सकती.

लोक अभियोजक विजया पारीक ने बताया कि 27 अक्टूबर 2017 को पीडिता ने फागी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी. इसमें कहा कि उसके पिता की दो शादियां हो चुकी हैं और दोनों ही पत्नियों की मौत हो चुकी है. पीडिता उसके पिता की दूसरी पत्नी से हुई संतान है. पीडिता की सौतेली मां का बेटा बचपन से उसके साथ दुष्कर्म कर रहा है और आए दिन मौका पाकर दुष्कर्म करता रहता है.

पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया कि जब उसने इस मामले के बारे में परिजनों को बताया तो उन्होंने उसके साथ मारपीट की और उसे पागल करार घोषित करने की तैयारी भी कर ली थी. इस दौरान पिता ने उसे घर से निकाल दिया और वह चाचा के घर रहने लगी. बाद में महिला हेल्प लाइन की मदद से इलाज कराया और एफआईआर दर्ज कराई. पुलिस ने पीड़िता की रिपोर्ट पर कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर कोर्ट में चालान पेश किया था.

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