पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने जालोर के सुराणा में टीचर की पिटाई से बच्चे की मौत के मामले में पुलिस-प्रशासन और अपनी ही सरकार पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पायलट ने बच्चे के परिजनों और रिश्तेदारों पर लाठीचार्ज करने और फोन छीनने का आरोप लगाते हुए एडीएम और डिप्टी एसपी के हटाने की मांग की है।
पायलट ने मंगलवार को सुराणा में मृतक बच्चे के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने कहा- ‘जहां तक इस घटना की बात है, यह कहना नाकाफी है कि बाकी राज्यों में ऐसा होता है। किसी राज्य में दलित, आदिवासी, असहाय के साथ ऐसा होता है तो जीरो टॉलरेंस करना पड़ेगा। हम यह नहीं कह सकते कि बाकी राज्यों में हो रहा है तो यहां पर भी हो रहा है।’
पायलट ने कहा- ‘हम वेट करते रहें कि अगला कब हादसा हो और हम एक्शन लें। हमें उस मानसिकता को पराजित करने के लिए कुछ कदम उठाने होंगे जो दलितों,वंचितों के साथ अत्याचार करती है। वंचितों के जेहन में हमें यह विश्वास दिलाना होगा कि आप दलितों के साथ अत्याचार करके बच नहीं सकते।
पायलट ने कहा- इस तरह की घटना किसी के साथ हो,हमें अन्याय के खिलाफ बोलना चाहिए। हम जब विपक्ष में थे तो बाड़मेर में डेल्टा मेघवाल कांड हुआ। हम उसे लॉजिकल एंड तक लेकर गए थे। आज सरकार हमारी है, हम जिम्मेदारी से बच नहीं सकते। आजादी के 75 साल हो गए हैं।
हमें दलित,आदिवासियों में यह विश्वास कायम करना पड़ेगा कि उनके साथ अत्याचार करके कोई बच नहीं सकता। व्यवस्था में जो कमियां हैं, उसे बदलने के लिए सरकार को काम करना चाहिए।
पायलट ने कहा- सरकार का इकबाल कायम रहना चाहिए। वंचितों के जेहन में रहना चाहिए कि अगर उनके साथ किसी ने गलत किया तो उसे परिणाम भुगतना होगा। कानून का एक जो डर होता है जेहन में, वो नहीं रहेगा तो ऐसी घटनाएं होती रहेंगी।
जब भी किसी गरीब,दलित,असहाय के साथ अत्याचार हुआ है, वहां हम जरूर आए हैं। भविष्य में किसी की ऐसी हिम्मत नहीं हो, हम सब जिम्मेदार पदों पर हैं, मिलकर लोगों का विश्वास जीतें। अब वो बच्चा चला गया, वो वापस नहीं आएगा, पर हम कार्रवाई कर उदाहरण बना सकते हैं। पायलट ने कहा आज भी यह परिवार भय के माहौल में है। भविष्य में इनकी जानमाल की सुरक्षा की जिम्मेदारी सरकार की है और हमें उम्मीद है कि सरकार इनकी सुरक्षा करेगी।
सचिन पायलट के बयान को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बयान के जवाब के तौर पर देखा जा रहा है। राजस्थान के लॉ एंड ऑर्डर के सवाल पर सीएम अशोक गहलोत ने 15 अगस्त को कहा था- दूसरे राज्यों के मुकाबले बहुत अच्छी स्थिति हमारी है। आप देखते होंगे कि यूपी में क्या हो रहा है, मध्यप्रदेश में क्या हो रहा है, और राज्यों में क्या हो रहा है?
देखिए आप, यहां बहुत ही अच्छे ढंग से प्रशासन चल रहा है। क्राइम तो सब जगह हो सकता है, पर यहां कोई कमी नहीं रख रहे हैं हम लोग। जालोर की घटना पर गहलोत ने कहा था- आप बताइए वो एक घटना हो गई है, सरकार ने तत्काल अरेस्ट कर लिया उस टीचर को, जो मुआवजा मिलना चाहिए वो दे दिया, आप क्या कर सकते हो उसके बाद में? जाने वाला तो कोई जा सकता है। (Agency)