प्रेमिका की हत्या कर सिर काटकर नहर में फेंका, प्रेमी से शादी करने का बना रही थी दबाव, दूसरे धर्म की थी लड़की

बहराइच में दूसरे धर्म के लड़के से प्रेम करना प्रेमिका की मौत का कारण बन गया. प्रेमिका जब प्रेमी से शादी का दबाव बनाने लगी तो प्रेमी के घर वाले शादी के लिए तैयार नहीं हुए. इसको लेकर दोनों में बढ़ी अनबन के बीच प्रेमी ने अपने एक दोस्त के साथ मिलकर प्रेमिका की पहले गला दबाकर हत्या की और फिर राज दफन करने के लिए उसका सिर काट कर नहर में फेंक दिया. वहीं, सिर कटी लाश झाड़ियों में फेंक कर फरार हो गया. इस मामले की जांच के बाद पुलिस ने आरोपी प्रेमी और उसके एक दोस्त को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.

दरअसल, बीते 23 जुलाई को बहराइच जिले के थाना नानपारा कोतवाली अंतर्गत नानपारा रूपईडीहा मार्ग पर हांडा बसेहरी गांव के समीप झाड़ियों में एक युवती की सिर कटी लाश बरामद हुई थी. इस दौरान पुलिस ने युवती की पहचान के लिए काफी प्रयास किया, लेकिन सिर कटे होने के चलते उसकी पहचान पुलिस के लिए चुनौती बन रही थी. जिसके बाद एसपी वृंदा शुक्ला ने इस मामले के खुलासे के लिए प्रशिक्षु पुलिस क्षेत्राधिकारी हर्षिता तिवारी के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया था. इसके बाद इस जांच टीम ने अपनी कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए पिछले कुछ दिनों के दौरान गुमशुदा लड़कियों की जानकारी ली, लेकिन पुलिस को सफलता नहीं मिल सकी.

See also  युवाओं के भविष्य को सशक्त बनाने के लिए संकल्पबद्ध है राज्य सरकार : उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा

दाहिने पैर में बंधे काले धागे से आरोपी तक पहुंची पुलिस

इसी बीच पुलिस ने बीती 22 जुलाई को थाना रूपईडीहा में 20 वर्षीय शीबा नाम की युवती की दर्ज गुमशुदगी की जानकारी ली. जब पुलिस ने उसकी तस्वीर से लाश का मिलान किया तो उसके दाहिने पैर में बंधे काले धागे पर पुलिस की नजर गई. वहीं, पुलिस ने जिस युवती का शव बरामद किया था, उसके भी दाहिने पैर में काला धागा बंधा था. जिसके बाद पुलिस ने युवती के परिजनों को शिनाख्त के लिए शवगृह  बुला लिया और परिजनों ने युवती की पहचान कर ली.

मृतक युवती की शीबा के तौर पर शिनाख्त के बाद पुलिस ने शीबा के मामा मामी से उसके बारे में गहन जानकारी हासिल की तो पता चला की शीबा जनपद श्रावस्ती के थाना मल्हीपुर अंतर्गत मल्हीपुर खुर्द निवासी अरुण सैनी नाम के लड़के से फोन पर बात करती थी. पुलिस ने अपनी जांच में पाया की मृतक शीबा थाना रूपईडीहा क्षेत्र अंतर्गत जमोग गांव में अपने मामा हसमत अली के यहां रहती थी. वहीं, आरोपी अरुण भी अपने मामा के यहां बगल वाले गांव में रहता था. दोनों एक ही स्कूल में पढ़ते थे. अरुण जब हाई स्कूल में पढ़ाई करता था, तब शीबा कक्षा 8 में पढ़ती थी.

See also  पति-पत्नी सेक्स की डिमांड एक दूसरे से नहीं तो किससे करेंगे, जोड़े से बोला HC

दोस्त के साथ मिलकर की हत्या

बाद में अरुण अपने मामा के ही गांव के निकट चरदा जमोग चौराहे पर एक मेडिकल स्टोर पर काम करने लगा. जहां शीबा भी उससे मिलने आती थी. बीते एक वर्ष से दोनों के बीच काफी नजदीकी बढ़ गई और वो एक दूसरे से फोन पर बात करने लगे.  कुछ ही समय में दोनों के बीच प्यार हो गया. इसी दौरान आरोपी अरुण की शादी तय हो गई. जिसके बाद वह शीबा से अलग होना चाहता था. लेकिन शीबा इसके लिए तैयार नहीं थी. इसको लेकर दोनों में काफी झगड़ा होने लगा था.

धर्म अलग-अलग होने के कारण दोनों के परिजन शादी के लिए तैयार नहीं थे. इसको लेकर शीबा के मामा ने अरुण से मारपीट भी की थी. इससे गुस्साए अरुण ने अपने दोस्त कुलदीप विश्वकर्मा निवासी गंगापुर थाना रूपईडीहा के साथ मिलकर शीबा को संदीप जायसवाल के भठ्ठे पर बुलाया. जिसके बाद दोनों उसे बाइक से झाड़ियों में ले गए और गला दबाकर हत्या कर दी. इसके बाद सिर को काटकर नहर में फेंक दिया. जबकि लाश को वहीं, छोड़ दिया.

See also  फतेहपुर घटना पर सरकार सख्त, कानून हाथ में लेने वालों को सख्त सजा मिलेगी