महिला से फोन पर सेक्स की डिमांड : दुर्ग जिला के भिलाई में एक महिला को अश्लील तरीके से परेशान किए जाने का मामला सामने आया है। खुर्सीपार की रहने वाली महिला कपड़े सिलने का काम करती है। वहीं का एक शादीशुदा युवक अपनी पत्नी के कपड़े सिलवाने के बहाने महिला के घर आकर उसका मोबाइल नंबर लिया और उसे परेशान करने लगा। महिला ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शिकायत के मुताबिक, शुरुआत में युवक फोन पर सामान्य बातचीत करता था। बाद में उसे शारीरिक संबंध बनाने के लिए फोर्स करने लगा, मना करने पर गाली दी और किडनैप करने की भी धमकी दी।
महिला से फोन पर सेक्स की डिमांड, मनाकर करने पर किडनैप की धमकी
पीड़िता के मुताबिक, आरोपी युवक लगभग डेढ़ साल पहले अपनी पत्नी के कपड़े सिलवाने के बहाने घर आकर उससे मोबाइल नंबर लियां था। शुरुआत में बातचीत सामान्य थी, लेकिन कुछ समय बाद युवक महिला को बार-बार फोन कर अश्लील बातें करने लगा। महिला के पति ने भी विरोध जताया और समझाने के बाद आरोपी कुछ समय के लिए शांत हो गया था, लेकिन फिर 28 नवंबर को दोपहर करीब साढ़े 12 बजे युवक ने फिर से अलग-अलग नंबरों से फोन करना शुरू कर दिया।
पीड़िता ने बताया कि युवक न केवल उससे अश्लील बातें करता है, बल्कि बार-बार अपने प्रेम संबंध का जिक्र कर उसे बहकाने की कोशिश करता है। जब महिला ने इसका विरोध किया तो आरोपी ने गाली-गलौज शुरू कर दी।

महिला का आरोप है कि आरोपी ने फोन पर ऊंची आवाज में धमकी देते हुए कहा कि वह उसे उठवा लेगा और उसका अपहरण कर ले जाएगा। पीड़िता ने अपनी शिकायत में यह भी बताया कि आरोपी अलग-अलग मोबाइल नंबरों से लगातार कॉल कर उस पर दबाव बनाता है और शारीरिक संबंध बनाने के लिए मानसिक रूप से प्रताड़ित करता है। लगातार मिल रही धमकियों और डर के कारण पीड़िता ने दुर्ग पुलिस से जल्द कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
महिला ने अपने आवेदन में स्पष्ट रूप से लिखा है कि यदि भविष्य में उसके या उसके परिवार के साथ कोई भी अप्रिय घटना होती है तो उसका जिम्मेदार वही युवक होगा। महिला और उसके पति के कई बार विरोध करने और समझाने के बावजूद आरोपी की हरकतें बढ़ती ही गई, जिसके बाद मजबूर होकर पुलिस में शिकायत करनी पड़ी।
खुर्सीपार पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रथम दृष्टया धारा 79 (अश्लील कृत्य/उत्पीड़न) और धारा 351(3) (धमकी व डराने-धमकाने से संबंधित प्रावधान) के तहत आरोपी पर प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है।