पशुधन मित्र योजना छत्तीसगढ़ सरकार की एक योजना है, जिसका उद्देश्य पशु चिकित्सा और प्रजनन सेवाओं का विस्तार करना, सेवा वितरण को मजबूत करना और पशुधन मित्रों को मानदेय प्रदान कर उनकी आजीविका में सहायता करना है. इस योजना में कृत्रिम गर्भाधान तकनीशियनों को उनके कार्य के लिए प्रोत्साहन दिया जाता है.
पशुधन मित्र योजना के प्रमुख बिंदु:
- उद्देश्य:
पशुधन मित्र योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में पशुधन से जुड़ी सेवाओं और सुविधाओं का विस्तार करना है.
- सेवाएं:
यह योजना पशु चिकित्सा सेवाएं, जैसे टीकाकरण, रोग निदान और उपचार, तथा प्रजनन सेवाएं प्रदान करती है.
- प्रोत्साहन:
योजना के तहत, पशुधन मित्रों को उनके कार्यों के लिए मानदेय प्रदान किया जाता है, जिससे उन्हें वित्तीय सहायता मिलती है.
- प्रोत्साहन राशि:
कृत्रिम गर्भाधान कार्यकर्ता को प्रति वत्सोत्पादन पर 50 रुपये, वत्स के 6 माह होने पर 200 रुपये, और वत्स के 12 माह होने पर 50 रुपये मिलते हैं, जिससे प्रति उत्पादन कुल 1200 रुपये का भुगतान किया जाता है.
- शुरुआत:इस योजना को छत्तीसगढ़ सरकार के पशुपालन विभाग द्वारा 20 जून 2013 को शुरू किया गया था.

