मोटापा घटाने में क्रांति: वैज्ञानिकों ने बनाई ओजेम्पिक से दोगुनी असरदार नई दवा

 आज की दुनिया में मोटापा सिर्फ एक हेल्थ इश्यू नहीं, बल्कि लाइफस्टाइल और मानसिक स्वास्थ्य से भी जुड़ा हुआ है। अब तक ओजेम्पिक और वेगोवी जैसी दवाओं ने वजन कम करने के क्षेत्र में क्रांति तो लाई है, लेकिन इनके साथ उल्टी, जी मिचलाना, मांसपेशियों की कमजोरी और कभी-कभी दुबारा वजन बढ़ने जैसे साइड इफेक्ट भी देखने को मिले हैं। ऐसे में अब वैज्ञानिकों ने एक नई उम्मीद जगाई है एक ऐसी दवा जो सर्जरी जितना असरदार, लेकिन अधिक सुरक्षित और आसान हो सकती है।

कैसी है नई दवा?- स्टडी

अमेरिका की टफ्ट्स यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने एक एक्सपेरिमेंटल दवा तैयार की है, जो एक साथ चार हार्मोन पर काम करती है GLP-1, GIP, ग्लूकागन और PYY।

    GLP-1 भूख को कम करता है और पाचन को धीमा करता है।

    GIP मतली को कंट्रोल करता है और फुलनेस की फीलिंग बढ़ाता है।

    ग्लूकागन शरीर की एनर्जी खपत को बढ़ाता है और फैट बर्न करने में मदद करता है।

See also  बेहद जरूरी है अच्छी कम्युनिकेशन स्किल

    PYY पाचन की रफ्तार को और धीमा कर अतिरिक्त चर्बी को घटाने में मदद करता है।

    वैज्ञानिकों का दावा है कि यह दवा 30% तक वजन घटा सकती है, जो कि आम तौर पर बैरियाट्रिक सर्जरी में देखने को मिलता है।

जानिए नई दवा ओजेम्पिक से कैसे अलग है?

ओजेम्पिक जैसी मौजूदा दवाएं सिर्फ GLP-1 पर काम करती हैं। नई दवा चार हार्मोन का संतुलन बनाकर असर दिखाने की कोशिश करती है। सबसे बड़ी बात यह है कि इससे मतली और उल्टी जैसी शिकायतें कम होंगी, साथ ही मांसपेशियों और हड्डियों की ताकत पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा और मोटापा घटने के बाद दुबारा बढ़ने का रिस्क भी कम हो सकता है।

कोशिकाओं पर टेस्ट किया गया?

अभी यह दवा प्रारंभिक प्रयोगशाला चरण (preclinical stage) में है। ये न तो जानवरों पर और न ही इंसानों पर इसका ट्रायल हुआ है। फिलहाल इसे कोशिकाओं पर टेस्ट किया गया है, जहां इसके अच्छे नतीजे मिले हैं। अगला कदम होगा पहले जानवरों पर, फिर इंसानों पर ट्रायल। उसके बाद ही इसे दवा के रूप में लॉन्च करने की प्रक्रिया शुरू होगी।

See also  भगवान विष्णु के शरीर से कैसे प्रकट हुई देवी एकादशी? जानिए पौराणिक कथा

क्यों है यह खोज अहम?

भारत से लेकर अमेरिका तक लाखों लोग मोटापे से जूझ रहे हैं। वहीं मोटापा कम करने के लिए कई दवाएं बनाई गई हैं, जो काफ़ी असरदार हैं, लेकिन दवाओं के साइड इफेक्ट्स, इंजेक्शन की झंझट और महंगे दाम लोगों को परेशानी में डालते हैं।वहीं अगर नई दवा पर रिसर्च सफल रही, तो यह वजन घटाने में न सिर्फ मदद करेगी बल्कि इसके कम साइड इफेक्ट्स देखने को मिल सकते हैं और इस दवा को लंबे समय तक इस्तेमाल किया जा सकेगा।