सक्ति जिले के करही में उपसरपंच महेन्द्र बघेल का शव महानदी में मिल गया है | हत्या के बाद सरपंच पति राजकुमार साहू समेत 9 लोगों ने सबूत छुपाने लाश को महानदी नदी में फेंक दिया था| पुलिस गोताखोर कि टीम द्वारा 48 घंटे लगातार आपरेशन चलाकर उपसरपंच महेन्द्र बघेल के शव को माजरकुंद साराडीह बैराज क्षेत्र से खोज निकाला गया है। शव कि पहचान कपड़े से हो गई है| महानदी से शव को बाहर निकाल लिया गया। उपसरपंच की गाड़ी को भी नदी से बरामद कर लिया गया है।
गौरतलब है कि करही गांव से उपसरपंच महेंद्र बघेल शनिवार रात करीब 9 बजे संदिग्ध परिस्थितियों में अचानक गायब हो गए। इस रहस्यमयी घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। महेन्द्र बघेल को अंतिम बार सरपंच पति राजकुमार साहू के घर की तरफ जाते देखा गया था| जिसके आधार पर रविवार से ही सरपंच पति राजकुमार साहू व उनके साथियों को पुलिस उठाकर पुछताछ कर रही थी। पहले पुलिस को तरह-तरह से गुमराह करने कि कोशिश कि गई| फिर सभी के बातों को क्राश चेक करने के बाद पुलिस ने सख्ती से पुछताछ कि तब सरपंच पति राजकुमार साहू ने अपने बाकि साथियों के साथ मिलकर हत्या कि बात कबुल लिया । उपसरपंच को शराब पार्टी के बहाने स्कूल परिसर में बुलाया गया जहां पंचायत के कार्यों को लेकर विवाद होने पर गला दबाकर हत्या करना बताया जा रहा है । लाश को छुपाने के नियत से महानदी में फेकना बताया गया है।
जिसके बाद से पुलिस लगातार महानदी में शव की तलाश कर रही थी| इस कार्य में एसडीआरएफ की टीम ड्रोन कैमरा के साथ महानदी में डटी हुई थी | इसी बीच पुलिस गोताखोर कि टीम द्वारा 48 घंटे लगातार चले आपरेशन के बाद उपसरपंच महेन्द्र बघेल के शव को माजरकुंद साराडीह बैराज क्षेत्र से मिला|