MP में खराब वायु गुणवत्ता वाले शहरों में दीपावली पर नहीं चलेंगे पटाखे, NGT की गाइडलाइन जारी

 भोपाल 

मध्यप्रदेश के जिन शहरों में वायु गुणवत्ता खराब रहेगी वहां दीपावली(Diwali 2025) पर पटाखे चलाने की अनुमति नहीं मिलेगी। हालांकि जांच वायु गुणवत्ता मध्यम रहेगी, वहां ग्रीन पटाखों की अनुमति रहेगी। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की गाइडलाइन प्रभावी रहेगी। ट्रिब्यूनल ने अपीलें खारिज कर दी है। इसके तहत बेरियम वाले और लड़ी वाले पटाखों की बिक्री-उपयोग प्रतिबंध रहेगा। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र के लिए तीन अप्रैल के आदेश के खिलाफ याचिका पर सुनवाई कर गाइडलाइन की राह आसान कर दी है। कहा है, यदि एनसीआर के शहरों को स्वच्छ हवा का हक है तो दूसरे शहरों के लोगों को क्यों नहीं? पटाखों के संबंध में नीति पैन इंडिया स्तर पर होनी चाहिए।

वर्तमान एयर क्वालिटी इंडेक्स

    जबलपुर गुप्तेश्वर 287
    सागर 102
    कटनी गोल बाजार 92
    इंदौर छोटी ग्वालटोली 91
    ग्वालियर 88
    मंडीदीप-81
    पीथमपुर 99
    भोपाल 75
    (ओत- गघ प्रदूषण नियांजण बोर्ड)

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कलेक्टरों को किया था निर्देशित

एनजीटी ने सरकार के लिए पटाखों को लेकर जो गाइडलाइन जारी की थी वह सुप्रीम कोर्ट द्वारा 2021 में जारी निर्देशों पर आधारित है। ट्रिब्यूनल ने सरकार को गाइडलाइन का सख्ती से पालन कराने और कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। पिछली दिवाली(Diwali 2025) के पहले जारी आदेश में भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और जबलपुर के कलेक्टरों को खासतौर पर निर्देशित किया था कि वे एयर क्वालिटी की नियमित मॉनिटरिंग कराएं। जबलपुर, सागर, कटनी आदि का एक्यूआइ अभी से बढ़ने लगा है।

यह प्रतिबंधित

  •     पटाखे जिनके निर्माण में बेरियम साल्ट का उपयोग हुआ हो।
  •     लड़ी या सीरीज वाले यानी आपस में कई पटाखे जुड़े हुए
  •     ऐसे पटाखे जिन्हें बनाने में एंटीमनी, लीथियम, मर्करी आर्सेनिक, लैंड, स्ट्रॉशियम् क्रोमेट का उपयोग किया गया हो
  •     पटाखों का ऑनलाइन विक्रय प्रतिबंधित रहेगा।
  •     रात 8 से पहले व रात 10 के बाद पटाखे नहीं चलेंगे।
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