गंगा नदी में पलटी नाव, अब तक 13 बच्चों के निकाले जा चुके शव, अभी तलाश जारी, मारे गए सभी बच्चे एक ही परिवार के, पड़ोसी गांव में भोज खाने जा रहे थे बच्चे

बिहार के वैशाली जिले में नाव हादसे में मरने वालों की संख्या 9 से बढ़कर 13 हो गई है. राघोपुर थाना क्षेत्र स्थित रामपुर श्यामचंद गांव में ये दर्दनाक हादसा हुआ था. गंगा नदी में 20 से 30 लोगों से भरी एक निजी नाव अनियंत्रित होकर अचानक पलट गई. इसमें डूबने से 13 बच्चों की मौत हो गई. से सभी पड़ोसी गांव में आयोजित एक भोज कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे. सभी मृतक बच्चे एक ही खानदान से ताल्लुक रखते थे. हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस बल और SDRF की टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थानीय गोताखोरों की मदद से राहत और बचाव अभियान शुरू किया गया.

 

 

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हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस बल और एसडीआरएफ (SDRF) की टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थानीय गोताखोरों की मदद से चलाए गए बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन में सभी 13 बच्चों के शवों को बाहर निकाला गया. हादसे के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने जर्जर नाव और प्रशासनिक ढिलाई को लेकर वैशाली डीएम के खिलाफ उग्र प्रदर्शन और नारेबाजी की.

‘पड़ोसी गांव में भोज खाने जा रहे थे बच्चे, नाव फटने से हुआ हादसा’

प्राप्त जानकारी के अनुसार, रामपुर श्यामचंद गांव के बच्चे और युवक पड़ोसी गांव में आयोजित एक भोज कार्यक्रम में शामिल होने के लिए नाव पर सवार हुए थे. ग्रामीणों का आरोप है कि निजी नाव काफी पुरानी और जर्जर थी. नदी के बीच में पहुंचते ही नाव अचानक फट गई और देखते ही देखते पानी में समा गई. वहीं, कुछ अन्य लोगों का कहना है कि कि नाव में क्षमता से ज्यादा लोग बैठा लिए गए थे. इस कारण नाव पलटी. रेस्क्यू टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद नदी से 13 शव निकाले हैं. वहीं गंभीर रूप से झुलसे/डूबने से बेसुध हुए पुटुस कुमार और अनुष्का कुमारी समेत तीन बच्चों को गंभीर स्थिति में हायर सेंटर रेफर किया गया है.

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एक ही खानदान के 13 चिराग बुझे, गांव में मचा कोहराम

सबसे दर्दनाक पहलू ये है कि सभी बच्चे एक ही खानदान से हैं. बताया जा रहा है कि तीनों परिवार आपस मे गोतिया हैं. और जहां सभी बच्चे श्राद्ध कर्म का भोज खाने नाव से जा रहे थे वो भी गोतिया ही है. रामप्रवेश राय के घर मे 7, जबकि राजकिशोर राय के घर से 5 और डोमन राय के घर की एक बच्ची की मौत हुई है. दो बच्चियों की उम्र 18 साल के आस पास थी. जबकि बाकी बच्चों की उम्र 15 साल के नीचे थी. मृतकों में लड़कियों की संख्या अधिक है. जानकारी मिली है कि सिदाहिन राय के दिव्यांग बेटी की भी एक हादसे में ही मौत हुई थी, जिसके श्राद्ध का भोज खाने के लिए ही बच्चे नाव से निकले थे.

  • मीरा कुमारी
  • निशु कुमारी
  • अनिशा कुमारी
  • सुनीता कुमारी
  • आर्यन कुमार
  • मोहन कुमार
  • अमृता कुमारी
  • अंकिता कुमारी
  • पिंकी कुमारी
  • नमन कुमार
  • सिकी कुमारी
  • भोनू कुमारी
  • सोनम कुमारी
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प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में शवों का अंबार

सभी 13 शवों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) राघोपुर लाया गया, जहां परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए पीएचसी राघोपुर में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. वैशाली के वरीय पुलिस अधिकारी शुभांक मिश्रा और सदर SDPO सुबोध कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर मुस्तैद हैं. पुलिस सभी शवों का कागजी पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराने की प्रक्रिया में जुटी है. बिहार सरकार ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए सभी 13 मृतक बच्चों के परिजनों को आपदा राहत कोष से 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि देने की तत्काल घोषणा की है.