रेस्क्यू टीम बच्चे के बहुत करीब, राहुल को किसी भी वक्त बाहर निकाला जा सकता है, प्रशासन बिलासपुर अपोलो तक बनाया ग्रीन कॉरिडोर

पिछले 72 घंटे से जिंदगी और  बीच जंग लड़ रहे 10 वर्षीय बच्चे के लिए आने वाले कुछ घण्टे बहुत ही अहम है | बताया जा रहा है कि राहुल को किसी भी वक्त बाहर निकाला जा सकता है. जिसके बाद सीएम भूपेश बघेल के निर्देश पर उसे अच्छे अस्पताल ले जाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया जा रहा है.

मौके पर मेडिकल स्टाफ पूरी तैयारी के साथ अलर्ट मोड पर है. ऑक्सीजन, मास्क के साथ स्ट्रेचर की है व्यवस्था कर ली गई है. एम्बुलेंस भी तैयार है. मेडिकल स्टाफ की कोशिश होगी कि जब राहुल को बाहर निकाला जाएगा तो स्वास्थ्य जांच करते हुए एम्बुलेंस में ही सारी चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध कराते हुए उसे अपोलो अस्पताल बिलासपुर तक सुरक्षित पहुंचाया जाए.

बता दें कि राहुल को बोरवेल में गिरे चार दिन हो गए हैं. घटना की जानकरी मिलते ही राहुल का रेस्क्यू शुरू कर दिया गया था. लेकिन तमाम कोशिशें नाकाम हो रही थीं. जिसके बाद शासन-प्रशासन ने राहुल को बचाने में अपना पूरा जोर लगा दिया. राहुल को बचाने के लिए रेस्क्यू टीम ने बोरवेल के समांतर सुरंग बनानी शुरू की. इसमें भी चट्टान बाधा बनी. जिसे टीम ने हटाया. अब अंतत: माना जा रहा है कि जल्द ही राहुल बोरवेल से बाहर आ सकता है.

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जारी ‘ऑपरेशन राहुल’ रेस्क्यू अभियान अब अपने सफलता के बेहद नजदीक पहुंच चुका है। जिसे देखने के लिए पिहरिद गांव के ग्रामीणों का सैलाब टूट पड़ा है और इस भीड़ को रोक पाने में पुलिस को बड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। जैसे-जैसे रेस्क्यू टीम और जिला प्रशासन राहुल को सकुशल वापस निकालने के लिए आगे बढ़ रही है। वैसे ही ग्रामीणों के बढ़ते कदम फाइनल और सक्सेस रेस्क्यू को देखने इकट्ठा हो रहे हैं। जिसे खाली कराने पुलिस और ग्रामीणों में तनातनी भी देखने को मिल रही है। लेकिन इसी बीच मौसम में अचानक बदलाव हुआ है। तेज हवाएं और काले बादल छाने लगे हैं। तेज हवाओं के चलते धूल का गुबार उठ रहा है। अचानक मौसम बदलने से जिला प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। ऐसा लग रहा है कि बस कुछ ही देर बाद बारिश होने वाली है। यदि बारिश होती है तो रेस्क्यू में मुश्किलें बढ़ सकती हैं। जिला प्रशासन और रेस्क्यू टीम के सामने प्रकृति की नई बाधा आती दिख रही है।

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