छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के फगुरम गांव में 15 अप्रैल को खरसिया रोड पर एक तेज रफ्तार कार ने मासूम बच्ची को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई। जिसके बाद गुस्साए ग्रामीणों ने सड़क जाम कर जमकर हंगामा किया। घटना के बाद पूरे गांव में शोक और आक्रोश का माहौल फैल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बच्ची सड़क किनारे मौजूद थी, तभी अचानक आई कार ने उसे जोरदार टक्कर मार दी, जिससे उसकी जान नहीं बच सकी और परिजन सदमे में आ गए।
मृतका की पहचान रिधीमा निराला, पिता दाऊराम निराला, उम्र लगभग 10 वर्ष, निवासी ग्राम सारसकेला, ब्लॉक मालखरौदा के रूप में हुई है। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। हादसे के तुरंत बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतर आए। गुस्साए ग्रामीणों ने खरसिया रोड पर चक्काजाम कर दिया, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। लोगों ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए आरोप लगाया कि इस मार्ग पर तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण नहीं किया जाता, जिसके चलते आए दिन हादसे हो रहे हैं और निर्दोष लोगों को जान गंवानी पड़ रही है।

घटना के बाद स्थिति और तनावपूर्ण हो गई जब आक्रोशित भीड़ ने दुर्घटना में शामिल कार को घेर लिया। गुस्से में लोगों ने कार के शीशे तोड़ दिए और वाहन को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और कुछ समय के लिए हालात बेकाबू होते नजर आए। लोगों का कहना था कि जब तक जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं होगी, तब तक विरोध जारी रहेगा। स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई जब आक्रोशित भीड़ ने दुर्घटना में शामिल कार को घेर लिया और उसमें जमकर तोड़फोड़ की। गुस्से में लोगों ने कार के शीशे तोड़ दिए और वाहन को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया।
बताया जा रहा है कि हादसे के बाद चालक मौके से फरार हो गया और खुद को भीड़ के गुस्से से बचाने के लिए पास के एक घर में छिप गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रण में लिया। फगुरम चौकी और डभरा थाना क्षेत्र की पुलिस के साथ भारी संख्या में बल तैनात किया गया है। पुलिस ने चक्काजाम समाप्त कराकर यातायात बहाल कराया और मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है और दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
