बांग्लादेशी स्पिनर नईम हसन ने पुलिस पर मारपीट और दुर्व्यवहार का लगाया आरोप

नई दिल्ली
बांग्लादेश क्रिकेट में उस समय हड़कंप मच गया, जब स्टार स्पिनर नईम हसन ने पुलिस पर मारपीट और दुर्व्यवहार के गंभीर आरोप लगाए. 25 वर्षीय क्रिकेटर का दावा है कि चटगांव में पुलिसकर्मियों ने ना सिर्फ उनके साथ अभद्र व्यवहार किया, बल्कि उन्हें डंडों और प्लास्टिक पाइप से पीटा. इस घटना के सामने आने के बाद बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) से लेकर देश के कई मौजूदा और पूर्व क्रिकेटरों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है.

रिपोर्ट्स के मुताबिक नईम हसन शुक्रवार रात ढाका से चटगांव लौट रहे थे, वह ढाका प्रीमियर डिवीजन क्रिकेट लीग में प्राइम बैंक क्रिकेट क्लब से जुड़े कार्यक्रम के बाद अपने घर जा रहे थे. इसी दौरान लालखान बाजार इलाके के पास उनकी सीएनजी ऑटो-रिक्शा को कुछ पुलिसकर्मियों ने रोक लिया. नईम का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें रोकने का कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया. इसके बजाय अधिकारियों ने शुरुआत से ही आक्रामक रवैया अपनाया और उनके साथ बदसलूकी शुरू कर दी.

See also  39 साल के जोकोविक ने रचा इतिहास, विंबलडन में रिकॉर्ड आठवां सेमीफाइनल

नईम हसन के अनुसार पुलिसकर्मियों ने उनका गला पकड़ लिया और जबरन उन्हें दूसरे ऑटो-रिक्शा में बैठाकर थाने ले जाने की कोशिश की. उन्होंने बताया कि आसपास मौजूद लोगों ने पुलिस को समझाने की कोशिश की कि वह बांग्लादेश की राष्ट्रीय टीम के क्रिकेटर हैं, लेकिन अधिकारियों ने किसी की बात नहीं सुनी. नईम ने मीडिया से बातचीत में कहा, 'मैं लगातार उन्हें बता रहा था कि मैं राष्ट्रीय क्रिकेटर हूं, लेकिन उन्होंने मेरी बात सुनने से इनकार कर दिया. उन्होंने मुझे डंडों और प्लास्टिक पाइप से पीटा. जब थाने पहुंचकर मैंने अपनी पहचान बताई, तब भी मेरे साथ सम्मानजनक व्यवहार नहीं किया गया.'

नईम हसन ने पूरे घटनाक्रम को संदिग्ध बताते हुए पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए. उन्होंने कहा, 'अगर वे वास्तव में मुझे हिरासत में लेना चाहते थे, तो मुझे पुलिस वाहन में ले जाना चाहिए था मुझे एक सामान्य सीएनजी में बैठाने की कोशिश क्यों की गई. मैं चाहता हूं कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों को सजा मिले.'

See also  आईपीएल 2026 से बाहर हुए ग्लेन मैक्सवेल, भावुक संदेश में फैंस का जताया आभार

चटगांव मेट्रोपॉलिटन पुलिस के डिप्टी कमिश्नर आमिरुल इस्लाम ने कहा कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है. उन्होंने स्वीकार किया कि शुरुआती जानकारी से ऐसा प्रतीत होता है कि ड्यूटी पर मौजूद अधिकारियों ने कार्रवाई के दौरान तय नियमों और प्रक्रियाओं का सही तरीके से पालन नहीं किया. आमिरुल ने कहा, 'हम इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं, अगर कोई अधिकारी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. नईम हसन को न्याय दिलाना हमारी जिम्मेदारी है.'

नईम के सपोर्ट में उतरे मुश्फिुकर रहीम
घटना के बाद बांग्लादेश क्रिकेट जगत में नाराजगी की लहर दौड़ गई. अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज मुशफिकुर रहीम ने सोशल मीडिया पर नईम हसन के समर्थन में पोस्ट करते हुए कहा कि किसी भी राष्ट्रीय खिलाड़ी के साथ ऐसा व्यवहार पूरी तरह अस्वीकार्य है. कई पूर्व क्रिकेटरों और खेल प्रशासकों ने भी इस घटना की आलोचना करते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है.

See also  फीफा वर्ल्ड कप में 68 साल बाद बना अनोखा रिकॉर्ड, एक ही दिन के चारों मुकाबले रहे ड्रॉ

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने आधिकारिक बयान जारी कर घटना पर गहरी चिंता जताई है. बोर्ड ने कहा कि राष्ट्रीय टीम के खिलाड़ी के साथ इस तरह का व्यवहार न सिर्फ दुर्भाग्यपूर्ण है, बल्कि पूरी तरह अस्वीकार्य भी है. बीसीबी ने संबंधित अधिकारियों से निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग करते हुए दोषियों को जल्द से जल्द सजा देने की अपील की है. क्रिकेटर्स वेलफेयर एसोसिएशन ऑफ बांग्लादेश ने भी इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की है.

नईम हसन हाल ही में जिम्बाब्वे के खिलाफ होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच के लिए बांग्लादेश की 15 सदस्यीय टीम में चुने गए हैं. ऐसे में यह घटना सिर्फ कानून-व्यवस्था का मामला नहीं रह गई है, बल्कि राष्ट्रीय टीम की तैयारियों पर भी असर डाल सकती है. 2018 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले नईम अब तक बांग्लादेश के लिए 14 टेस्ट मैच खेल चुके हैं, जिसमें उन्होंने 48 विकेट झटके.