लहरों पर जीता मध्यप्रदेश, एशिया कप रोइंग में दिलजोत और पूनम ने 2 कांस्य पदक किए हासिल

लहरों पर जीता मध्यप्रदेश, एशिया कप रोइंग में दिलजोत और पूनम ने 2 कांस्य पदक किए हासिल

दक्षिण कोरिया में आयोजित प्रतियोगिता में अकादमी की खिलाड़ियों ने बढ़ाया प्रदेश का गौरव

भोपाल 

मध्यप्रदेश खेल एवं युवा कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित वॉटर स्पोर्ट्स अकादमी की रोइंग खिलाड़ियों ने दक्षिण कोरिया में आयोजित एशिया कप रोइंग प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रदेश को गौरवान्वित किया है। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने 2 कांस्य पदक अर्जित कर अपनी प्रतिभा का शानदार परिचय दिया।

पदक विजेता खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन

प्रतियोगिता में दिलजोत कौर एवं पूनम ने बेहतरीन तालमेल, तकनीक और दृढ़ संकल्प का प्रदर्शन करते हुए 2 कांस्य पदक अपने नाम किए। दोनों खिलाड़ियों ने अंतर्राष्ट्रीय मंच पर शानदार प्रदर्शन कर देश एवं प्रदेश का मान बढ़ाया।

अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश की मजबूत उपस्थिति

इन उपलब्धियों ने एक बार फिर सिद्ध किया है कि मध्यप्रदेश के खिलाड़ी अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। यह सफलता प्रदेश में विकसित हो रही खेल संस्कृति एवं उच्च स्तरीय प्रशिक्षण व्यवस्था को दर्शाती है।

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खेल मंत्री सारंग ने दी बधाई

मध्यप्रदेश के सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री सारंग ने खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि उनकी कड़ी मेहनत, अनुशासन एवं प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन का परिणाम है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

कोच के मार्गदर्शन में मिली सफलता

रोइंग कोच कैप्टन दलवीर सिंह राठौर के मार्गदर्शन में खिलाड़ियों ने यह उपलब्धि हासिल की है। उनके प्रशिक्षण, रणनीति और अनुभव ने खिलाड़ियों को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

अकादमी का प्रशिक्षण बना सफलता की कुंजी

मध्यप्रदेश की खेल अकादमियों में आधुनिक प्रशिक्षण, फिटनेस प्रबंधन एवं विशेषज्ञ कोचिंग के माध्यम से खिलाड़ियों को तैयार किया जा रहा है, जिससे वे राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में लगातार पदक जीत रहे हैं।

युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा

यह उपलब्धि प्रदेश के युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है। रोइंग में मिली यह सफलता न केवल खेल को बढ़ावा दे रही है, बल्कि मध्यप्रदेश को अंतर्राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर एक मजबूत पहचान भी दिला रही है।

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