पुतिन के चार-लेयर सुरक्षा घेरा: ग्रेनेड, मिसाइल और बंदूकों से कैसे होती है सुरक्षा?

 नई दिल्ली
व्लादिमीर पुतिन की सुरक्षा को लेकर कई तरह की बातें होती रहती हैं. उनके भारत दौरे की घोषणा के बाद से इस बार एक बार फिर से चर्चा होने लगी है. इनमें बुलेटप्रूफ ब्रीफकेस,  उच्च तकनीक के हथियारों से लैस अंगरक्षक, हमशक्ल व्यक्ति और भोजन चखने वाले लोगों की चर्चा शामिल है. इन सबसे सबसे अहम है उनका सुरक्षा घेरा जो 4 लेयर का होता है. 

न्यूयॉर्क पोस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, पुतिन की एलीट सिक्योरिटी सर्विस को लेकर एक बार बियॉन्ड रशिया नाम की वेबसाइट ने खुलासा किया था. यह वेबसाइट टीवी-नोवोस्ती द्वारा संचालित होती है. 

ऐसा होता है 4 लेयर सिक्योरिटी घेरा
वेबसाइट का कहना है कि जब वह सार्वजनिक रूप से बाहर निकलते हैं, तो सुरक्षा के चार घेरे उन्हें घेर लेते हैं. जिनमें सबसे पहले उनके निजी अंगरक्षक होते हैं. वहीं दूसरे घेरा भीड़ के बीच होता है. यानी कुछ सुरक्षा कर्मी  भीड़ के बीच छिपे रहते हैं. तीसरा सिक्योरिटी पुतिन को उनके बॉडीगार्ड के साथ चारों ओर से घेरे रहता है. इसके अलावा आसपास की छतों पर स्नाइपर तैनात रहते हैं.

See also  तेजाब से भरा टैंकर अचानक के अनियंत्रित होकर बीच सड़क पर पलटा, 2 किलोमीटर तक बहा 30 लीटर एसिड, लोगों में दहशत

महीनों पहले दौरे वाली जगह पहुंच जाती है सीक्रेट टीम  
पुतिन की यात्रा से पहले, एक सीक्रेट टीमें महीनों पहले से ही उनके गंतव्य स्थान का निरीक्षण करती है. यह देखने के लिए कि वहां की जनता की प्रतिक्रिया कैसी होगी और क्या वह क्षेत्र खराब मौसम या प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित तो नहीं है. 

जहां भी वह ठहरने जा रहे हैं वहां का निरीक्षण किया जाता है बमों के दूरस्थ विस्फोट को रोकने के लिए जैमिंग उपकरण लगाए जाते हैं तथा तकनीशियन उस क्षेत्र में सेलफोन और अन्य उपकरणों की इलेक्ट्रॉनिक निगरानी करते हैं.

निजी बॉडीगार्ड के पास होता है विशेष ब्रीफकेस
पुतिन ने निजी बॉडीगार्ड विशेष ब्रीफकेस से लैस होते हैं जो पुतिन की सुरक्षा के लिए ढाल का काम करते हैं. वे कवच-भेदी गोलियों से भरी रूस निर्मित 9 मिमी एसआर-1 वेक्टर पिस्तौल भी रखते हैं.

मिसाइलों से लैस काफिले के बीच चलते हैं पुतिन
सड़क पर पुतिन भारी बख्तरबंद गाड़ियों के काफिले के बीच चलते  हैं. जिनमें एके-47, एंटी टैंक ग्रेनेड लांचर और पोर्टेबल एंटी एयरक्राफ्ट मिसाइलों से लैस कमांडो सवार रहते हैं. 

See also  प्रेम प्रसंग से उपजी साजिश: पत्नी और प्रेमी को 6 साल बाद उम्रकैद की सजा

इस तरह जमीन और हवा कहीं से भी हमला होने की स्थिति में पुतिन की सिक्योरिटी उसका माकूल जवाब देने में सक्षम होती है. किसी भी घातक परिस्थिति से पुतिन को बचाकर निकाल लेना उनके सुरक्षा लेयर की मुख्य जिम्मेदारी होती है.