सर्द हवाओं से रायपुर ठिठुरा, 10 दिसंबर तक 20 जिलों में शीतलहर का अलर्ट, अंबिकापुर में पारा 5°C

रायपुर
दिसंबर की दस्तक के साथ ही उत्तरी हवा ने रफ्तार पकड़ ली है और प्रदेश में शीत लहर का असर तेजी से बढ़ने लगा है। मौसम विभाग ने 8 दिसंबर की रात से 10 दिसंबर की सुबह तक छत्तीसगढ़ के कई जिलों में शीतलहर चलने की चेतावनी जारी की है। इधर, रायपुर में न्यूनतम पारा आठ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 5.5 डिग्री कम है।

मैनपाट में रात का पारा 4°C से नीचे चला गया है और वहां ओस की बूंदें जमकर बर्फ में बदल गई हैं। अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 5°C, पेंड्रा में 8°C और जगदलपुर में 9.8°C दर्ज किया गया।

पिछले 24 घंटे में सबसे अधिक तापमान 30.4°C रायपुर में और सबसे कम न्यूनतम तापमान 5°C अंबिकापुर में रिकॉर्ड किया।

इन जिलों में अलर्ट जारी

वहीं मौसम विभाग की चेतावनी के मुताबिक गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही, मनेन्द्रगढ़–चिरमिरी–भरतपुर, कोरिया, सरगुजा, जशपुर, सूरजपुर, बलरामपुर, कबीरधाम, मुंगेली, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, राजनांदगांव, बेमेतरा, रायपुर, दुर्ग, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, बालोद और कोरबा जिलों के एक-दो हिस्सों में ठंड और ज्यादा तीखी रहेगी।
मैदानी इलाके में हवा तेज

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मौसम विज्ञानियों के अनुसार प्रदेश में उत्तर-पूर्वी हवा सक्रिय है, जिससे रात का तापमान लगातार गिर रहा है। बीते 24 घंटों में कई जगह पारा सामान्य से 3 से 5 डिग्री नीचे दर्ज किया गया है। पर्वतीय और उत्तरी अंचलों में सुबह के समय कोहरा छाने और शाम ढलते ही गलन बढ़ने की संभावना जताई गई है। वहीं मैदानी जिलों जैसे रायपुर, दुर्ग और बेमेतरा में भी इसी अवधि में हवा की तीव्रता बढ़ने से ठिठुरन महसूस हो रही है।

मौसम विभाग ने आमजन को जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है। बच्चों और बुजुर्गों को सुबह-शाम अनावश्यक बाहर न निकलने, दिन में भी हल्के ऊनी कपड़े पहनने और रात में घरों को गर्म रखने की सलाह दी गई है। किसान भाइयों से भी अपील की गई है कि वे फसलों पर पाला पड़ने से बचाव के उपाय करें।

अगले दो दिनों तक मौसम में खास बदलाव की संभावना नहीं है, लेकिन हवा की नमी कम होने और तापमान गिरने से शीत लहर का असर और तेज हो सकता है। शीत लहर चलने की वजह उत्तर भारत में तापमान तेजी से गिरने के कारण वहां से आने वाली उत्तर-पूर्वी बर्फीली हवाएं छत्तीसगढ़ में पहुंचकर ठंड को अचानक बढ़ा रही हैं।

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रायपुर में नगर निगम ने कई जगहों पर अलाव का इंतजाम किया

रायपुर में शीतलहर का असर बढ़ते ही नगर निगम ने आम लोगों को राहत देने के लिए शहर में अलाव जलाने की व्यवस्था शुरू कर दी है। निगम ने 12 से अधिक लोकेशन पर रातभर अलाव जलवाने के निर्देश दिए हैं, ताकि बेघर, राहगीरों और आम नागरिकों को ठंड से तुरंत राहत मिल सके।

रायपुर नगर निगम की मेयर मीनल चौबे और कमिश्नर विश्वदीप के निर्देशों के बाद सभी जोन कमिश्नरों और जोन हेल्थ अधिकारियों से रात में फील्ड में रहने और अलाव के इंतजाम की निगरानी करने को कहा गया है।

स्वास्थ्य विभाग ने भी जारी की एडवाइजरी

इस बीच स्वास्थ्य विभाग ने एडवाइजरी जारी कर चेतावनी दी है कि अचानक तापमान में उतार-चढ़ाव से हाइपोथर्मिया, सर्दी-जुकाम और वायरल फीवर का खतरा बढ़ सकता है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि शीतलहर के दौरान, केवल आवश्यकता होने पर ही यात्रा करें और बाहर निकलते समय पूरी तरह गर्म कपड़े पहनें।

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डॉक्टर बोले- सतर्क रहना जरूरी

डॉ जया बाजपेयी (MBBS DNB, मेडिसिन) बताया कि जिस तरह से तापमान बदल रहा है, बीमार होने का खतरा ज्यादा। खासकर ऐसे मौसम में मच्छर ज्यादा पनपते हैं, मलेरिया फैलने का खतरा ज्यादा है। ऐसे में बीमारी से बचने सतर्क रहना जरूरी है। डॉक्टर की सलाह है कि…

    शाम के बाद घर और आसपास मच्छरदानी या मच्छर भगाने वाले कॉइल/लिक्विड का उपयोग करें।
    स्लीपिंग नेट (Insecticide Treated Net – ITN) या लॉन्ग लास्टिंग मच्छरदानी (LLIN) का उपयोग रात में जरूर करें।
    घर के दरवाजे-खिड़कियों पर जाली लगाएं ताकि मच्छर अंदर न आ सकें।