उत्तर प्रदेश के जालौन जनपद की उरई कोतवाली इन दिनों चर्चा का केंद्र बनी हुई है, लेकिन किसी बहादुरी के काम के लिए नहीं, बल्कि पुलिस महकमे के भीतर अनुशासन की धज्जियां उड़ने को लेकर. कोतवाली परिसर में बने पुलिस कंट्रोल रूम (कंप्यूटर कक्ष) का एक वीडियो तेजी से प्रसारित हो रहा है, जिसमें ड्यूटी के दौरान प्यार का इजहार और आपत्तिजनक हरकतें कैमरे में कैद हुई हैं. मामले की गंभीरता को देखते हुए जालौन के पुलिस अधीक्षक (SP) विनय कुमार सिंह ने कड़ा रुख अपनाया है.
जानकारी के अनुसार, मुंशी अरविंद पटेल उरई कोतवाली के कंट्रोल रूम में कंप्यूटर पर अपनी आधिकारिक ड्यूटी कर रहा था. इसी दौरान कोतवाली में ही अंडर ट्रेनिंग (Under Training) तैनात एक महिला आरक्षी (सिपाही) कंप्यूटर कक्ष में पहुंचती है. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि महिला सिपाही ड्यूटी की मर्यादा भूलकर मुंशी अरविंद पटेल के साथ अश्लील हरकतें और अनुशासनहीन व्यवहार करने लगती है.
मुंशी हटाता रहा हाथ, पीछे-पीछे भागती रही महिला आरक्षी
वायरल CCTV फुटेज में एक और दिलचस्प और हैरान करने वाला नजारा दिखा. जब महिला आरक्षी ने अश्लील हरकतें शुरू कीं, तो मुंशी अरविंद पटेल बेहद असहज हो गया. खुद को बचाने के लिए वह अपनी कुर्सी छोड़कर कमरे के दूसरी तरफ जाकर खड़ा हो गया. लेकिन प्यार का भूत इस कदर सवार था कि महिला सिपाही उसके पीछे-पीछे वहां भी पहुंच गई और लगातार अपने प्यार का इजहार करने लगी. वीडियो में मुंशी कई बार महिला सिपाही से खुद को अलग करता और बचता हुआ साफ दिखाई दे रहा है.
CCTV ने खोल दी पोल, सोशल मीडिया पर उठा बवंडर
दोनों की ड्यूटी जिस वक्त कंट्रोल रूम में लगी थी, उन्हें शायद इस बात का अंदाजा नहीं था कि कमरे के चप्पे-चप्पे पर तीसरी आंख यानी CCTV कैमरे की नजर है. यह पूरी शर्मनाक घटना वहां लगे कैमरे में रिकॉर्ड हो गई. इसके बाद यह वीडियो लीक होकर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद यूपी पुलिस की कार्यशैली और अनुशासन पर तीखे सवाल उठने लगे.
एसपी विनय कुमार सिंह का बड़ा एक्शन, मुंशी सस्पेंड
जैसे ही यह वीडियो पुलिस महकमे के आला अधिकारियों तक पहुंचा, जालौन पुलिस एक्शन मोड में आ गई. एसपी विनय कुमार सिंह ने मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए प्रारंभिक जांच के आधार पर मुंशी अरविंद पटेल को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया है.
इसके साथ ही, प्यार का इजहार करने वाली महिला आरक्षी के खिलाफ भी विभागीय स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है. एसपी ने साफ शब्दों में कहा है कि पुलिस विभाग में अनुशासन सबसे ऊपर है. ड्यूटी के दौरान इस तरह की अनुशासनहीनता या अमर्यादित आचरण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी.