Microsoft में फिर छंटनी की तैयारी? 5,000 कर्मचारियों की नौकरी पर संकट, रिपोर्ट में बड़ा दावा

नई दिल्ली

Microsoft एक बार फिर बड़े स्तर पर कर्मचारियों की छंटनी की तैयारी कर रही है. रॉयटर्स ने बिजनेस इंसाइडर की रिपोर्ट के हवाले से बताया है कि कंपनी अगले कुछ दिनों में हजारों कर्मचारियों की नौकरी खत्म कर सकती है। 

हालांकि इस बार छंटनी का असर कंपनी के कुल कर्मचारियों के 2.5 प्रतिशत से कम लोगों पर पड़ने की उम्मीद है. माइक्रोसॉफ्ट के दुनियाभर में करीब 2.2 लाख कर्मचारी हैं. ऐसे में यह संख्या करीब 5 हजार या उससे कम हो सकती है। 

रिपोर्ट्स के अनुसार इस बार सबसे ज्यादा असर सेल्स, कंसल्टिंग और Xbox गेमिंग डिविजन पर पड़ सकता है. कंपनी की तरफ से अभी आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन कई क्रेडिबल रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि नए फाइनांशियल ईयर की शुरुआत के साथ यह फैसला लिया जा सकता है। 

आखिर Microsoft फिर कर्मचारियों की छंटनी क्यों कर रही है?
पिछले कुछ सालों में माइक्रोसॉफ्ट ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर रिकॉर्ड निवेश किया है. कंपनी OpenAI के साथ साझेदारी बढ़ा रही है, नए AI डेटा सेंटर बना रही है और Copilot जैसे AI प्रोडक्ट्स पर अरबों डॉलर खर्च कर रही है. ऐसे में दूसरी तरफ ऑपरेटिंग खर्च कम करने के लिए कंपनी लगातार अपने कर्मचारियों की संख्या घटा रही है। 

See also  बंद हो रहा टेस्ला की भारत एंट्री का रास्ता? सरकार EV पॉलिसी नहीं बदलेगी

रिपोर्ट में कहा गया है कि माइक्रोसॉफ्ट लागत कम करने के साथ-साथ अपने बिजनेस को AI के हिसाब से दोबारा तैयार करना चाहती है. यही वजह है कि जिन टीमों में ऑटोमेशन या AI की मदद से काम हो सकता है, वहां कर्मचारियों की संख्या कम की जा रही है। 

Xbox टीम पर भी असर पड़ सकता है
माइक्रोसॉफ्ट के गेमिंग बिजनेस यानी Xbox में भी बदलाव की तैयारी चल रही है. पिछले कुछ समय से Xbox के अंदर बड़े स्तर पर रीस्ट्रक्चरिंग की चर्चा है. नई लीडरशिप के आने के बाद बिजनेस को रीसेट करने की योजना बनाई जा रही है. इसी वजह से गेमिंग डिविजन में भी कई पद खत्म किए जा सकते हैं और कुछ टीमों का पुनर्गठन हो सकता है। 

पहले भी हो चुकी है बड़ी छंटनी
यह पहली बार नहीं है जब माइक्रोसॉफ्ट कर्मचारियों की संख्या घटा रही है. पिछले साल भी कंपनी ने अलग-अलग चरणों में हजारों कर्मचारियों की छंटनी की थी. उस समय भी कंपनी ने AI में निवेश बढ़ाने और खर्च कम करने को इसकी बड़ी वजह बताया था। 

See also  2028 तक भारत एक ट्रिलियन डॉलर की डिजिटल अर्थव्यवस्था बनेगा: आस्क कैपिटल

माइक्रोसॉफ्ट अकेली कंपनी नहीं है. 2026 में मेटा, ऐमेजॉन, ओरैकल, लिंक्डइन, कॉइनबेस, गूपऑन और कई दूसरी बड़ी टेक कंपनियां भी कर्मचारियों की संख्या कम कर चुकी हैं या इसकी घोषणा कर चुकी हैं. कई कंपनियां खुलकर कह चुकी हैं कि AI की वजह से काम करने का तरीका बदल रहा है और फ्यूचर में कम कर्मचारियों के साथ ज्यादा काम किया जाएगा।