सौगात केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में जल्द होगी 4% की बढ़ोतरी! इतनी बढ़ेगी सैलरी

नई दिल्‍ली

केंद्र सरकार के कर्मचारियों को इस महीने के अंत तक महंगाई भत्ते (डीए) में बढ़ोतरी मिल सकती है। सूत्रों के मुताबिक, सरकार सितंबर 2024 के तीसरे हफ्ते में 3-4% डीए बढ़ोतरी की घोषणा कर सकती है। इससे पहले मार्च 2024 में सरकार ने डीए में 4% की बढ़ोतरी की थी। इससे यह मूल वेतन का 50% हो गया था। बीते कुछ समय में केंद्रीय कर्मचारियों के फायदे से जुड़ी यह दूसरी बड़ी खबर है। हाल में सरकार ने यूनिफाइड पेंशन स्‍कीम (यूपीएस) लॉन्‍च करने का ऐलान किया था।

केंद्र सरकार अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को महंगाई से राहत देने के लिए डीए और डीआर देती है। डीए केंद्रीय कर्मचारियों को मिलता है, जबकि डीआर पेंशनभोगियों को। हर साल जनवरी और जुलाई में डीए और डीआर में बदलाव होता है।

हाल ही में संसद के मानसून सत्र के दौरान केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने बताया था कि कोरोना महामारी के दौरान डीए/डीआर की तीन किस्तें (1 जनवरी 2020, 1 जुलाई 2020 और 1 जनवरी 2021 से देय) क्यों रोकी गई थीं। उन्होंने कहा था कि महामारी के कारण उत्पन्न आर्थिक संकट के दौरान सरकार पर वित्तीय दबाव को कम करने के लिए यह फैसला लिया गया था।

See also  ईरान युद्ध का असर: कतर से एलएनजी सप्लाई रुकी, भारत में गैस संकट की आशंका

आठवें वेतन आयोग के गठन की मांग

केंद्र सरकार के कई कर्मचारी यूनियन आठवें वेतन आयोग के गठन की मांग कर रहे हैं। हालांकि, सरकार फिलहाल ऐसा कोई कदम उठाने के मूड में नहीं है। 30 जुलाई को राज्यसभा में एक लिखित जवाब में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा था कि जून 2024 में आठवें केंद्रीय वेतन आयोग के गठन के लिए दो आवेदन प्राप्त हुए थे। लेकिन, सरकार अभी इस पर विचार नहीं कर रही है। सातवां वेतन आयोग फरवरी 2014 में गठित किया गया था। इसकी सिफारिशें 1 जनवरी 2016 से लागू हुई थीं। सरकार कर्मचारियों के वेतन की समीक्षा के लिए हर 10 साल में एक वेतन आयोग का गठन करती है।

 

कैसे होता है डीए का कैलेकुलेशन?

डीए और डीआर में बढ़ोतरी की गणना औद्योगिक श्रमिकों के लिए अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI-IW) के 12 महीने के औसत में हुई प्रतिशत वृद्धि के आधार पर की जाती है। हालांकि, सरकार हर साल 1 जनवरी और 1 जुलाई को इन भत्तों में संशोधन करती है। लेकिन, आधिकारिक घोषणाएं आमतौर पर मार्च और सितंबर/अक्टूबर में होती हैं। 2006 में केंद्र सरकार ने सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए डीए और डीआर की गणना के फॉर्मूले को संशोधित किया था।

See also  भीम आर्मी ने अपनी पार्टी बनाने का किया ऐलान, दिल्ली चुनाव लड़ेंगे,  सीएबी पर बसपा के रुख से आहत चंद्रशेखर 

COVID-19 के दौरान रुके हुए DA बकाए का क्या होगा?

हाल ही में संसद के मानसून सत्र के दौरान केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने स्पष्ट किया कि सरकार COVID-19 महामारी के दौरान रोके गए 18 महीने के DA और DR के बकाए को जारी करने की संभावना नहीं देख रही है। मंत्री पंकज चौधरी ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘नहीं’, जब उनसे पूछा गया कि क्या सरकार केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के 18 महीने के DA/DR बकाए को जारी करने पर विचार कर रही है, जिसे COVID-19 के दौरान रोका गया था।

कोविड महामारी के कारण आर्थिक परेशानी के चलते जनवरी 2020, जुलाई 2020 और जनवरी 2021 की तीन किस्तों को रोकने का फैसला किया गया था, जिससे सरकारी वित्तीय दबाव को कम किया जा सके। इसलिए, फिलहाल सरकार द्वारा इन बकाया राशि को जारी करने की कोई योजना नहीं है, और केंद्रीय कर्मचारियों को आगे की DA बढ़ोतरी की प्रतीक्षा करनी होगी।

See also  रेल मंत्रालय कुंभ मेले के लिए व्यापक व्यवस्था करने पर काम कर रहा है, 992 विशेष ट्रेनें चलाई जाएंगी

 

केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए डीए प्रतिशत की गणना इस प्रकार की जाती है:

महंगाई भत्ता प्रतिशत = ((पिछले 12 महीनों के लिए अखिल भारतीय CPI का औसत (आधार वर्ष 2001=100) – 115.76) / 115.76) x 100

केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए यह है फॉर्मूला:

महंगाई भत्ता प्रतिशत = ((पिछले 3 महीनों के लिए अखिल भारतीय CPI का औसत (आधार वर्ष 2001=100) – 126.33) / 126.33) x 100