बाजार से 20-25 प्रतिशत कम दाम पर मिलेंगी दालें, ‘भारत दाल’ के दूसरे चरण की हुई शुरुआत

नई दिल्ली
 भारत में दालों की कीमतों में तेजी से वृद्धि हो रही है। इसी बीच भारत ब्रांड के तहत सरकार देश में बाजार से 20 से 25 प्रतिशत कम कीमत पर सस्ती दाल उपलब्ध करवा रही है। उपभोक्ता मामलों के विभाग ने अपने सब्सिडी वाले दाल कार्यक्रम का विस्तार करते हुए साबुत चना और मसूर दाल को कम दाम पर उपलब्ध करवाने की पेशकश रखी है।

सरकार की इस पहल के साथ चना, मूंग और मसूर दाल को कीमतों में छूट के साथ खरीदा जा सकेगा। इन दालों की खरीदारी कॉपरेटिव रिटेल नेटवर्क और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म से की जा सकेगी। साबुत चना 58 रुपये प्रति किलोग्राम, चना दाल 70 रुपये प्रति किलोग्राम, मूंग दाल 107 रुपये प्रति किलोग्राम, साबुत मूंग दाल 93 रुपये प्रति किलोग्राम और मसूर दाल को 89 रुपये प्रति किलोग्राम कीमत पर खरीदा जा सकेगा।

‘भारत दाल’ के तहत मोबाइल वैन के जरिए बिक्री की जाएगी। ‘भारत दाल’ के दूसरे चरण की शुरुआत को लेकर केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा, “यह पहल उपभोक्ताओं को किफायती मूल्य पर आवश्यक खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए भारत सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि है।”

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राष्ट्रीय सहकारी उपभोक्ता संघ (एनसीसीएफ), राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन संघ (नेफेड) और केंद्रीय भंडार जैसी सहकारी समितियों और अन्य चैनलों के माध्यम से यह सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी। ‘भारत दाल’ पहल के दूसरे चरण के तहत सरकार मूल्य स्थिरता बनाए रखने के लिए अपने बफर स्टॉक से दालें बेच रही है। सरकार ने खुदरा हस्तक्षेप के जरिए वितरण के लिए 3 लाख टन चना और 68,000 टन मूंग आवंटित किया है।

‘भारत दाल’ की बिक्री दोबारा शुरू होने के साथ त्योहारी सीजन में उपभोक्ताओं के लिए सप्लाई बढ़ने की भी उम्मीद की जा रही है। इसके अलावा, सस्ती सब्जियों की बिक्री के लिए सरकार ने एनसीसीएफ और नेफेड के माध्यम से मूल्य स्थिरीकरण बफर के लिए रबी फसल से 4.7 लाख टन प्याज खरीदा है। सरकार ने 5 सितंबर से बफर से प्याज का निपटान शुरू किया और अब तक 1.15 लाख टन बेचा जा चुका है। एनसीसीएफ ने 21 राज्यों में 77 केंद्रों और नेफेड ने 16 राज्यों में 43 केंद्रों पर प्याज बेचा है।

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