रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया मनरेगा दर्पण का शुभारंभ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया मनरेगा दर्पण का शुभारंभ

रायपुर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया मनरेगा दर्पण का लोकार्पण

मनरेगा की पारदर्शिता बढ़ाने मनरेगा दर्पण का शुभारंभ : मुख्यमंत्री साय

 ग्रामीण क्यूआर कोड स्कैन कर पिछले तीन वर्षों में हुए मनरेगा के कार्यों का विवरण, व्यय और प्रगति रिपोर्ट देख सकेंगे

रायपुर
मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज धमतरी जिले के करेली बड़ी गांव में आयोजित राज्य स्तरीय महतारी सदन लोकार्पण कार्यक्रम में मनरेगा दर्पण नागरिक सूचना पटल का विधिवत शुभारंभ‘ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि मनरेगा दर्पण से आम जनता को मनरेगा कार्यों की पूरी जानकारी आसानी से उपलब्ध होगी। यह पहल पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि मनरेगा दर्पण छत्तीसगढ़ सरकार की अभिनव पहल है, जो न केवल पारदर्शिता की नई मिसाल है बल्कि हर ग्रामीण को योजनाओं से सीधे जोड़ने का माध्यम भी है। क्यूआर कोड और जीआईएस तकनीक आधारित यह कदम गांवों में डिजिटल सशक्तिकरण और सुशासन की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। 

See also  Janjgir : शादी का झांसा देकर लगातार छात्रा का करता रहा दुष्कर्म, मांग भी भरा अब, शादी से इंकार 

तीन साल में हुए मनरेगा कार्यो की रिपोर्ट देख सकेंगे ग्रामीण

छत्तीसगढ़ में मनरेगा के अंतर्गत चल रहे कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार ने डिजिटल क्रांति की दिशा में कदम बढ़ाया है। अब प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों में नागरिक सूचना पटल लगाए गए हैं। इन पर प्रदर्शित क्यूआर कोड को स्कैन करके कोई भी ग्रामीण पिछले तीन वर्षों में किए गए कार्यों का विवरण, व्यय की जानकारी और प्रगति रिपोर्ट देख सकता है।

इस प्रणाली से अब गांव का हर व्यक्ति यह जान सकेगा कि मनरेगा के तहत उसके इलाके में कौन-कौन से कार्य स्वीकृत हुए हैं, कितनी राशि खर्च हुई है और काम की वर्तमान स्थिति क्या है। फाईल और दस्तावेज हटकर अब हर सूचना मोबाइल पर उपलब्ध हो सकेगी। ग्रामीणों को जानकारी के लिए किसी कार्यालय या अधिकारी पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
मनरेगा दर्पण पोर्टल और सूचना पटल के माध्यम से सभी रिकॉर्ड डिजिटल रूप में सुरक्षित रहेंगे। ग्राम पंचायत स्तर पर संधारित जानकारी को समय-समय पर अपडेट किया जाएगा। इससे योजनाओं पर अनावश्यक भ्रम की स्थिति समाप्त होगी और जनता खुद निगरानी कर पाएगी। इस पहल से ग्रामीणों का विश्वास और अधिक मजबूत होगा। पारदर्शी व्यवस्था से न केवल भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा बल्कि ग्रामीणों की सीधी भागीदारी भी सुनिश्चित होगी।

See also  दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने साफ-सफाई का ठेका किया निरस्त

इस अवसर पर कार्यक्रम में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री  विजय शर्मा, राजस्व मंत्री  टंकराम वर्मा, सांसद मती रूप कुमारी चौधरी, विधायक  अजय चन्द्राकर, सचिव मती निहारिका बारिक सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन और जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।