छत्तीसगढ़ में प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर का पालन करने की मांग को लेकर अनुसूचित जनजाति अनुसूचित जाति वर्ग के शिक्षक संवर्ग, व्याख्याता संवर्ग एवं कर्मचारियों, अधिकारियों के आरक्षण सहित पदोन्नति फोरम छत्तीसगढ़ के माध्यम से सचिव लोक सेवा आयोग,सचिव सामान्य प्रशासन विभाग,सचिव स्कूल शिक्षा विभाग,संचालक लोक शिक्षण संचालनालय को लीगल अभ्यावेदन सहित संवैधानिक अधिकारों को लागू करने पर बात रखी गई।
इसे भी पढ़े :-7 दिन से 1 साल तक की FD पर मिल सकता है मोटा रिटर्न, देखिए कितनी है ब्याज दर
प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर : संघ के पदाधिकारी मोहन बंजारे ने मिडिया से चर्चा के दौरान बताया की छत्तीसगढ़ सरकार स्कूल शिक्षा विभाग में काफी दिनों बाद प्राचार्य पदों में व्याख्याता संवर्ग से पदोन्नति करने जा रहें हैं जिसके लिए शासन स्तर पीएससी किया जा चुका है| प्राचार्य में व्याख्याता संवर्ग से ई संवर्ग एवं ट्राइबल टी संवर्ग से कुल 2934पदो में पदोन्नति होना है जिसमें आरक्षण लागू होने पर अनुसूचित जनजाति के 939 लोग एवं अनुसूचित जाति से 352लोग प्राचार्य बनेंगे।
इसे भी पढ़े :-कार लेने का सपना, जाने कितना होना चाहिए आपका सिविल स्कोर
प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर : शिक्षा विभाग ई संवर्ग में 1100 ग्यारह सौ पदों में पदोन्नति किया जाना है जिसमें 770 पद नियमित व्याख्याता से एवं 330 पद व्याख्याता LB संवर्ग से भरें जाएंगे। शिक्षा विभाग ई संवर्ग एवं ट्राइबल विभाग टी संवर्ग से कुल 2934 पदों में पदोन्नति किया जाना है। अनुसूचित जाति जनजाति कमर्चारियों को आशंका है कि पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर का पालन नहीं किया गया या पदोन्नति में आरक्षण नहीं दिया गया तों अनुसूचित जाति जनजाति के कर्मचारियों को भारी नुक़सान होगा | जिसके कारण बड़े पैमाने पर अनुसूचित जाति जनजाति वर्ग के व्याख्याता पदोन्नति से वंचित हो जाएंगे।
इसे भी पढ़े :-चाम्पा : हॉस्पिटल के ICU वार्ड में चेकअप के बहाने महिला से छेड़खानी, परिजनों ने किया हंगामा, फरार डॉक्टर गिरफ्तार
प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर का पालन किया जाएगा तों अनुसूचित जनजाति के नियमित व्याख्याता में 247 एवं एल बी संवर्ग से 106 लोगों कुल 353 लोगों को पदोन्नति का लाभ मिलेगा उसी प्रकार अनुसूचित जाति से नियमित व्याख्याता में 92और एल बी संवर्ग से 40 लोग पदोन्नत होंगे। अगर राज्य सरकार प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण लागू नहीं करेंगे तो अनुसूचित जाति जनजाति के लोग काफी संख्या में पदोन्नति से वंचित हो जाएंगे।इसी आशंका को ध्यान में रखते हुए अनुसूचित जाति जनजाति कमर्चारियों का प्रतिनिधि मंडल प्राचार्य पदों पर अनुसूचित जाति जनजाति वर्ग का पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं होने के कारण को देखते हुए गत दिवस स्कूल शिक्षा सचिव एवं डीपीआई में संचालक स्कूल शिक्षा विभाग से मिलकर पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर लागू कर प्राचार्य पदोन्नति करने की मांग किया है। लोकसेवक आयोग एवं लोक शिक्षण संचालनालय में भी इस संबंध में चर्चा कर अवगत कराया गया।
इसे भी पढ़े :-पामगढ़ : खेत में जुआ, पुलिस की पड़ी रेड, 52 पत्ती के साथ 7 जुवाड़ी पकडाए, 45 हजार नगद जप्त
प्राचार्य पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर : प्रतिनिधि मंडल में प्रमुख रुप से सोशल जस्टिस लीगल फाऊंडेशन, अनुसूचित जनजाति सेवक संघ, शासकीय सेवक विकास संघ,अजाक्स कर्मचारी संघ क्रांतिकारी शिक्षक संघ के पदाधिकारियों सहित विनोद कोशले, संतोष जांगड़े, लेखराम मात्रा,गेवाराम नेताम, मोहन बंजारे, विजय ध्रुवे, परस बंजारे, टेकराम कुर्रे, कमल कुर्रे, कुंजबिहारी, कपूर चंद डोंगरे, राजकिशोर धिरही, शत्रुघ्न नेताम,भावसिंह डहरे, बनवारी लाल पेंड्रो ,सुषमा सिंह पैकरा, विलियम टोप्पो,विजय भारती, राहुल नेताम, कृष्णा मरकाम,हेमंत ढाढकर सहित प्रमुख लोग उपस्थित थे।
6 दिनों से लापता युवक की हसदेव नदी में मिली लाश, इलाके में मचा हड़कंप, कूदकर जान देने की आशंका