रतलाम ट्रैफिक पुलिस का नया मॉडल: नियम तोड़े पर चालान नहीं, बल्कि परीक्षा देनी होगी

रतलाम 
 यातायात पुलिस रतलाम में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों का चालान नहीं काट रही बल्कि सजा के तौर पर उनसे परीक्षा ले रही है. ट्रैफिक पुलिस द्वारा विशेष परीक्षा का आयोजन शरू किया गया है. यहां ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों को 20 प्रश्नों का एक प्रश्न पत्र थमा दिया जाता है. इस प्रश्न पत्र में ट्रैफिक अवेयरनेस को लेकर प्रश्न प्रतिभागियों से पूछे जाते हैं.

पुलिस के सामने होती है परीक्षा

प्रश्न पत्र हल करने के बाद इसका मूल्यांकन भी प्रतिभागी के सामने ही किया जाता है. प्रश्न का उत्तर गलत होता है तो उस बारे में प्रतिभागी को समझाइश और सही जानकारी भी दी जाती है. ट्रैफिक पुलिस की इस पहल को आम जनता का भी समर्थन मिल रहा है. वहीं, इस बात की भी जानकारी मिल रही है कि लोग ट्रैफिक नियमों के बारे में कितने अवेयर हैं.

चालान काटने की बजाए ज्ञान किया जा रहा चेक

रतलाम में ट्रैफिक पुलिस ने रतलाम पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देश पर ये पहल शुरू की है. ट्रैफिक पुलिस के डीएसपी आनंद स्वरूप सोनी ने बताया, '' इस पहल का उद्देश्य लोगों में ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूकता पैदा करना है. इसके लिए ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों जिसमें तीन सवारी वाले, रॉन्ग साइड चलने वाले, लाइसेंस नहीं बनवाने वाले और हेलमेट नहीं पहनने वाले वाहन चालकों का चालान नहीं काटते हुए यातायात नियमों के प्रति उनका ज्ञान चेक किया जाता है.''

See also  केन्द्रीय मंत्री सिंधिया के नेतृत्व और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के सहयोग से ग्वालियर को मिला देश का पहला Telecom Manufacturing Zone

आसान सवालों का भी जवाब नहीं दे पाते लोग

डीएसपी ट्रैफिक ने आगे कहा, '' आम लोगों को यातायात के नियमों की कितनी जानकारी है. यह जानना इस पहल का उद्देश्य है. 20 प्रश्नों के प्रश्न पत्र के मूल्यांकन से इसकी जानकारी मिलती है कि लोगों को ट्रैफिक नियमों के बारे में कितनी जगरुकता है.'' डीसीपी ट्रैफिक ने बताया कि 20 सरल प्रश्नों के जवाब भी लोग नहीं दे पाते हैं. खासकर सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति की मदद करने, सड़क पर लगे संकेत का मतलब समझने और दुर्घटना होने के समय क्या करना चाहिए इसकी सही जानकारी भी लोगों को नहीं है.

यह मुहिम चलाकर रतलाम ट्रैफिक पुलिस द्वारा लोगों को यह मैसेज दिया जा रहा है कि ट्रैफिक नियमों की जानकारी रखना और नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है. बहानेबाजी करने के बजाय देश का जिम्मेदार नागरिक बनना अधिक आवश्यक है.